मध्य विद्यालय मंझियावां में निर्माण कार्य रुका:घटिया सामाग्री के इस्तेमाल का आरोप, जिलाधिकारी से कार्रवाई की मांग

मध्य विद्यालय मंझियावां में निर्माण कार्य रुका:घटिया सामाग्री के इस्तेमाल का आरोप, जिलाधिकारी से कार्रवाई की मांग

मध्य विद्यालय मंझियावां में भवन निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने निर्माण कार्य रोक दिया। ग्रामीणों ने संवेदक और कनीय अभियंता की मिलीभगत का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से जांच और कार्रवाई की मांग की है। घटिया सामग्री का आरोप आधारभूत संरचना योजना के तहत बन रहे भवन में दो कमरे, एक बरामदा और सीढ़ियां बनाई जा रही थीं। ग्रामीणों का आरोप है कि निम्न गुणवत्ता वाली ईंट, सीमेंट और 6 एमएम के छल्ले उपयोग किए जा रहे थे। उन्होंने छत की ढलाई में 8 एमएम की छड़ और बिना क्रैंक तोड़े काम करने का भी विरोध किया। ग्रामीणों ने काम रोक दिया कनीय अभियंता सुनील कुमार द्वारा शिकायत न सुनने और धमकी देने के बाद ग्रामीणों ने एकजुट होकर निर्माण कार्य रोक दिया। पंचायत समिति सदस्य जयंत यादव ने 6 एमएम के छल्लों को प्रखंड विकास पदाधिकारी को दिखाते हुए उचित कार्रवाई की मांग की। दोनों पक्षों के बयान विद्यालय के प्रधानाध्यापक सुरेश कुमार यादव ने बताया कि घटिया कार्य रोकने पर कनीय अभियंता उन्हें धमकी देता है, जिससे शिक्षक कुछ भी कहने से डरते हैं। कनीय अभियंता सुनील कुमार ने कहा कि संवेदक को केवल सुधार के निर्देश दिए गए थे और शिक्षकों पर बेवजह ग्रामीणों को परेशान करने का आरोप लगाया। मध्य विद्यालय मंझियावां में भवन निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने निर्माण कार्य रोक दिया। ग्रामीणों ने संवेदक और कनीय अभियंता की मिलीभगत का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से जांच और कार्रवाई की मांग की है। घटिया सामग्री का आरोप आधारभूत संरचना योजना के तहत बन रहे भवन में दो कमरे, एक बरामदा और सीढ़ियां बनाई जा रही थीं। ग्रामीणों का आरोप है कि निम्न गुणवत्ता वाली ईंट, सीमेंट और 6 एमएम के छल्ले उपयोग किए जा रहे थे। उन्होंने छत की ढलाई में 8 एमएम की छड़ और बिना क्रैंक तोड़े काम करने का भी विरोध किया। ग्रामीणों ने काम रोक दिया कनीय अभियंता सुनील कुमार द्वारा शिकायत न सुनने और धमकी देने के बाद ग्रामीणों ने एकजुट होकर निर्माण कार्य रोक दिया। पंचायत समिति सदस्य जयंत यादव ने 6 एमएम के छल्लों को प्रखंड विकास पदाधिकारी को दिखाते हुए उचित कार्रवाई की मांग की। दोनों पक्षों के बयान विद्यालय के प्रधानाध्यापक सुरेश कुमार यादव ने बताया कि घटिया कार्य रोकने पर कनीय अभियंता उन्हें धमकी देता है, जिससे शिक्षक कुछ भी कहने से डरते हैं। कनीय अभियंता सुनील कुमार ने कहा कि संवेदक को केवल सुधार के निर्देश दिए गए थे और शिक्षकों पर बेवजह ग्रामीणों को परेशान करने का आरोप लगाया।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *