जहानाबाद जिले के सदर अस्पताल में शुक्रवार को सिविल सर्जन डॉ. हरिश्चंद्र चौधरी औचक निरीक्षण करने पहुंचे। मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिलने की शिकायतों के बीच उन्होंने अलग-अलग वार्ड और इमरजेंसी वार्ड का जायजा लिया। डॉक्टरों की ड्यूटी में लापरवाही मिलने पर उन्होंने कार्रवाई की चेतावनी दी। बताया जाता है कि निरीक्षण से पहले करीब एक घंटे तक डॉक्टर मौजूद नहीं थे। इसी दौरान काको प्रखंड क्षेत्र के एक मरीज की मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि डॉक्टर समय पर उपलब्ध नहीं थे और इलाज में देरी के कारण मरीज की जान चली गई। मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं मरीज की मौत के बाद शव को सरकारी एंबुलेंस से परिजनों के साथ घर भेजा गया। हालांकि, मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। सिविल सर्जन ने कहा कि उन्होंने खुद एक डॉक्टर को अस्पताल आते देखा। ड्यूटी के समय गैरहाजिर रहने या देर से पहुंचने वाले डॉक्टरों से जवाब मांगा जाएगा। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर विभागीय कार्रवाई होगी और ड्यूटी से गायब रहने वाले डॉक्टरों का वेतन काटा जाएगा। आगे भी जारी रहेगा औचक निरीक्षण अस्पताल में दो डॉक्टरों की ड्यूटी तय होने के बावजूद एक ही डॉक्टर के मौजूद रहने की शिकायत पर भी उन्होंने ध्यान दिया। उन्होंने कहा कि मरीजों के इलाज में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी डॉक्टरों को तय समय पर ड्यूटी पर रहना होगा। अस्पताल की व्यवस्था सुधारने के लिए आगे भी औचक निरीक्षण जारी रहेगा। जहानाबाद जिले के सदर अस्पताल में शुक्रवार को सिविल सर्जन डॉ. हरिश्चंद्र चौधरी औचक निरीक्षण करने पहुंचे। मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिलने की शिकायतों के बीच उन्होंने अलग-अलग वार्ड और इमरजेंसी वार्ड का जायजा लिया। डॉक्टरों की ड्यूटी में लापरवाही मिलने पर उन्होंने कार्रवाई की चेतावनी दी। बताया जाता है कि निरीक्षण से पहले करीब एक घंटे तक डॉक्टर मौजूद नहीं थे। इसी दौरान काको प्रखंड क्षेत्र के एक मरीज की मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि डॉक्टर समय पर उपलब्ध नहीं थे और इलाज में देरी के कारण मरीज की जान चली गई। मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं मरीज की मौत के बाद शव को सरकारी एंबुलेंस से परिजनों के साथ घर भेजा गया। हालांकि, मौत के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। सिविल सर्जन ने कहा कि उन्होंने खुद एक डॉक्टर को अस्पताल आते देखा। ड्यूटी के समय गैरहाजिर रहने या देर से पहुंचने वाले डॉक्टरों से जवाब मांगा जाएगा। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर विभागीय कार्रवाई होगी और ड्यूटी से गायब रहने वाले डॉक्टरों का वेतन काटा जाएगा। आगे भी जारी रहेगा औचक निरीक्षण अस्पताल में दो डॉक्टरों की ड्यूटी तय होने के बावजूद एक ही डॉक्टर के मौजूद रहने की शिकायत पर भी उन्होंने ध्यान दिया। उन्होंने कहा कि मरीजों के इलाज में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी डॉक्टरों को तय समय पर ड्यूटी पर रहना होगा। अस्पताल की व्यवस्था सुधारने के लिए आगे भी औचक निरीक्षण जारी रहेगा।

