सारण शिक्षक चुनाव: पश्चिम चंपारण के 18 सेंटर पर वोटिंग:1,701 मतदाता डाल रहे वोट; सुरक्षा के लिए 8 जोनल और 3 सुपर जोनल दंडाधिकारी तैनात

सारण शिक्षक चुनाव: पश्चिम चंपारण के 18 सेंटर पर वोटिंग:1,701 मतदाता डाल रहे वोट; सुरक्षा के लिए 8 जोनल और 3 सुपर जोनल दंडाधिकारी तैनात

बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों पर आज शुक्रवार को चुनाव है। सुबह 8 से शाम 4 बजे तक 933 बूथों पर 5.33 लाख वोटर्स वोट देंगे। चुनाव में 4 स्नातक और 4 शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों पर कुल 150 उम्मीदवार मैदान में हैं। इनमें स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों से 90 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से 60 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी की चार सीटों पर कुल 4,92,594 मतदाता हैं। इनके लिए 598 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 1.43 लाख से अधिक मतदाता हैं, जबकि पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 87,583 मतदाता हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण की चार सीटों पर कुल 40,253 मतदाता हैं। इनके लिए 335 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 11,719 मतदाता हैं, जबकि तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 8,760 मतदाता हैं। इस तरह स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाताओं की संख्या शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की तुलना में काफी अधिक है। हालांकि, दोनों लिस्ट में मतदाताओं की पात्रता और मतदान की प्रक्रिया अलग-अलग है। 5 जिलों के 10,743 शिक्षक वोटिंग कर रहे सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के पांच जिलों में मतदान होगा। इसमें सारण, सीवान, गोपालगंज, पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण जिले शामिल हैं। इसके लिए कुल 98 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां 10,743 शिक्षक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें 8,885 पुरुष और 1,858 महिला मतदाता शामिल हैं। जिलेवार देखें तो सारण में 3,824, सीवान में 2,183, पूर्वी चंपारण में 1,741, पश्चिमी चंपारण में 1,713 और गोपालगंज में 1,282 शिक्षक मतदाता हैं। निर्वाचन क्षेत्र के तहत पश्चिमी चंपारण में 18, पूर्वी चंपारण में 27, गोपालगंज में 14, सीवान में 19 और सारण जिले में 20 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर मतदान प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए मतदान कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। पश्चिमी चंपारण के 18 वोटिंग सेंटर पर वोट डाल रहे लोग पश्चिमी चंपारण के 18 मतदान केंद्रों पर 1,701 शिक्षक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें 1,469 पुरुष और 232 महिला मतदाता शामिल हैं। मतदान के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर एक स्टैटिक दंडाधिकारी तैनात किया गया है। इसके अलावा 8 जोनल, 3 सुपर जोनल और 18 सेक्टर दंडाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। ये अधिकारी मतदान केंद्रों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई करेंगे। 20 मतदान दल और 20 माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त निर्वाचन प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए 20 मतदान दल और 20 माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त किए गए हैं। इसके अतिरिक्त निगरानी और आवश्यक कार्रवाई के लिए 18 उड़नदस्ता दल भी तैनात रहेंगे। जिला प्रशासन ने सभी प्रतिनियुक्त पदाधिकारियों को निर्धारित समय पर अपने मतदान केंद्रों पर पहुंचने और निर्वाचन संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की पहचान के सत्यापन, निर्वाचन सामग्री की सुरक्षा और मतदान प्रक्रिया की पारदर्शिता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य सभी पात्र मतदाताओं को बिना किसी दबाव के मतदान का अवसर उपलब्ध कराना और पूरी निर्वाचन प्रक्रिया को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराना है। सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र; जन सुराज ने अफाक अहमद को उतारा जनसुराज ने अफाक अहमद को टिकट दिया है। आरजेडी ने प्रो. जयराम यादव और जेडीयू ने आनंद पुष्कर को उतारा है। आनंद फरवरी 2026 में सीपीआई छोड़कर जेडीयू में चले गए थे। यहां 10800 वोटर एमएलसी चुनेंगे। 2020 में यहां से सीपीआई नेता केदार पांडेय चुनाव जीते थे। उन्होंने बीजेपी के चंद्रमा सिंह को हराया था। केदार पांडेय के निधन के बाद 2023 में उपचुनाव हुआ। उपचुनाव में जनसुराज के समर्थन से अफाक अहमद 674 वोट से चुनाव जीते। महागठबंधन ने केदार पांडेय के पुत्र को उतारा था कि सहानुभूति वोट मिल जाए लेकिन ऐसा नहीं हो सका। केदार पांडेय के पुत्र और सीपीआई के प्रत्याशी आनंद पुष्कर चुनाव हार गए थे। बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों पर आज शुक्रवार को चुनाव है। सुबह 8 से शाम 4 बजे तक 933 बूथों पर 5.33 लाख वोटर्स वोट देंगे। चुनाव में 4 स्नातक और 4 शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों पर कुल 150 उम्मीदवार मैदान में हैं। इनमें स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों से 90 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से 60 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और कोसी की चार सीटों पर कुल 4,92,594 मतदाता हैं। इनके लिए 598 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 1.43 लाख से अधिक मतदाता हैं, जबकि पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में 87,583 मतदाता हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: पटना, दरभंगा, तिरहुत और सारण की चार सीटों पर कुल 40,253 मतदाता हैं। इनके लिए 335 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 11,719 मतदाता हैं, जबकि तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में 8,760 मतदाता हैं। इस तरह स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाताओं की संख्या शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की तुलना में काफी अधिक है। हालांकि, दोनों लिस्ट में मतदाताओं की पात्रता और मतदान की प्रक्रिया अलग-अलग है। 5 जिलों के 10,743 शिक्षक वोटिंग कर रहे सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के पांच जिलों में मतदान होगा। इसमें सारण, सीवान, गोपालगंज, पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण जिले शामिल हैं। इसके लिए कुल 98 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहां 10,743 शिक्षक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें 8,885 पुरुष और 1,858 महिला मतदाता शामिल हैं। जिलेवार देखें तो सारण में 3,824, सीवान में 2,183, पूर्वी चंपारण में 1,741, पश्चिमी चंपारण में 1,713 और गोपालगंज में 1,282 शिक्षक मतदाता हैं। निर्वाचन क्षेत्र के तहत पश्चिमी चंपारण में 18, पूर्वी चंपारण में 27, गोपालगंज में 14, सीवान में 19 और सारण जिले में 20 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर मतदान प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए मतदान कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। पश्चिमी चंपारण के 18 वोटिंग सेंटर पर वोट डाल रहे लोग पश्चिमी चंपारण के 18 मतदान केंद्रों पर 1,701 शिक्षक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। इनमें 1,469 पुरुष और 232 महिला मतदाता शामिल हैं। मतदान के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर एक स्टैटिक दंडाधिकारी तैनात किया गया है। इसके अलावा 8 जोनल, 3 सुपर जोनल और 18 सेक्टर दंडाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। ये अधिकारी मतदान केंद्रों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई करेंगे। 20 मतदान दल और 20 माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त निर्वाचन प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए 20 मतदान दल और 20 माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त किए गए हैं। इसके अतिरिक्त निगरानी और आवश्यक कार्रवाई के लिए 18 उड़नदस्ता दल भी तैनात रहेंगे। जिला प्रशासन ने सभी प्रतिनियुक्त पदाधिकारियों को निर्धारित समय पर अपने मतदान केंद्रों पर पहुंचने और निर्वाचन संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की पहचान के सत्यापन, निर्वाचन सामग्री की सुरक्षा और मतदान प्रक्रिया की पारदर्शिता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य सभी पात्र मतदाताओं को बिना किसी दबाव के मतदान का अवसर उपलब्ध कराना और पूरी निर्वाचन प्रक्रिया को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराना है। सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र; जन सुराज ने अफाक अहमद को उतारा जनसुराज ने अफाक अहमद को टिकट दिया है। आरजेडी ने प्रो. जयराम यादव और जेडीयू ने आनंद पुष्कर को उतारा है। आनंद फरवरी 2026 में सीपीआई छोड़कर जेडीयू में चले गए थे। यहां 10800 वोटर एमएलसी चुनेंगे। 2020 में यहां से सीपीआई नेता केदार पांडेय चुनाव जीते थे। उन्होंने बीजेपी के चंद्रमा सिंह को हराया था। केदार पांडेय के निधन के बाद 2023 में उपचुनाव हुआ। उपचुनाव में जनसुराज के समर्थन से अफाक अहमद 674 वोट से चुनाव जीते। महागठबंधन ने केदार पांडेय के पुत्र को उतारा था कि सहानुभूति वोट मिल जाए लेकिन ऐसा नहीं हो सका। केदार पांडेय के पुत्र और सीपीआई के प्रत्याशी आनंद पुष्कर चुनाव हार गए थे।  

​

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *