Prakash Raj On Drunk Principal: अभिनेता प्रकाश राज ने हिंगोली के एक सरकारी स्कूल से जुड़े मामले में सोशल मीडिया पर पोस्ट कर सिस्टम से सवाल करने और जवाबदेही तय करने की बात कही है। उन्होंने अपने पोस्ट में ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान और ग्रामीणों की मांग के बाद हुई कार्रवाई का जिक्र करते हुए नागरिकों की भूमिका पर जोर दिया।
स्कूल प्रिंसिपल के सस्पेंड होने पर प्रकाश राज का पोस्ट
महाराष्ट्र के हिंगोली जिले के एक जिला परिषद स्कूल को लेकर चल रहे अभियान के बीच अभिनेता प्रकाश राज ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर किया। उन्होंने लिखा कि ये सिस्टम से जवाबदेही मांगने वाले नागरिकों की ताकत है। इसके साथ ही उन्होंने लोगों से सवाल पूछने की अपील की और अंधभक्ति के बजाय सोचने-समझने की बात कही। प्रकाश राज ने अपने पोस्ट में लिखा- दिमागी बनो, अंधभक्त नहीं।
प्रकाश राज ने अपने पोस्ट में ‘कॉकरोच’ शब्द का इस्तेमाल करते हुए लिखा कि नागरिकों की मांग के चलते यह एक बड़ी जीत है। उन्होंने हैशटैग के साथ स्कूलों की स्थिति सुधारने की मुहिम का समर्थन भी किया।
शराब के नशे में रहने का आरोप, प्रिंसिपल पर हुई कार्रवाई
दरअसल, हिंगोली जिले के संतुक पिंपरी गांव स्थित जिला परिषद स्कूल को लेकर अभिजीत दिपके ने आवाज उठाई थी। स्कूल की स्थिति का जायजा लेने के दौरान उन्होंने प्रिंसिपल पर शराब के नशे में रहने का आरोप लगाया था और प्रशासन से कार्रवाई की मांग की थी।
इसके बाद ग्रामीणों ने भी स्कूल की व्यवस्थाओं में सुधार की मांग को लेकर आंदोलन किया। सामने आई जानकारी के मुताबिक प्रशासन ने प्रिंसिपल को निलंबित करने पर सहमति जताई है। इसके अलावा स्कूल में चार नए शिक्षकों की नियुक्ति और बच्चों के लिए बेंच उपलब्ध कराने की बात भी सामने आई है।
अभिजीत दिपके ने बताया ग्रामीणों की मांग का असर
अभिजीत दिपके ने सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई को ग्रामीणों की बड़ी जीत बताया। उन्होंने अपने पोस्ट में एक ग्रामीण अब्दुल और उसके पिता को भी याद किया। दिपके के मुताबिक, अब्दुल ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान से जुड़ा था और अलग-अलग जगहों पर स्कूलों की स्थिति को लेकर आवाज उठा रहा था।
हालांकि, अब्दुल के पिता से जुड़ी एक अलग घटना को लेकर पुलिस का पक्ष भी सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, उनके साथ हुई घटना और बाद में अस्पताल में हुई मौत को लेकर सोशल मीडिया पर कुछ दावे किए गए थे, जिन्हें पुलिस ने गलत बताया। मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है और जांच जारी है।
क्या है ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान?
देश के अलग-अलग हिस्सों में सरकारी स्कूलों की बुनियादी सुविधाओं, शिक्षकों की उपलब्धता और शिक्षा व्यवस्था को लेकर आवाज उठाने की मुहिम चल रही है। अभिजीत दिपके इसी अभियान के जरिए स्कूलों की जमीनी स्थिति सामने लाने का दावा कर रहे हैं।
प्रकाश राज का इस मामले पर पोस्ट करना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि अभिनेता पहले भी सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर अपनी बेबाक राय रखते रहे हैं। इस पोस्ट के जरिए उन्होंने नागरिकों से व्यवस्था पर सवाल उठाने और अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने का संदेश दिया है।



