लखनऊ में मंगलवार को बड़ी संख्या में युवाओं ने डिप्टी सीएम बृजेश पाठक के आवास का घेराव किया। विभिन्न जनपदों से आए युवाओं ने लाइब्रेरियन की वैकेंसी की मांग की। इससे पहले उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) के मुख्यालय के बाहर कई बार प्रदर्शन कर चुके हैं । युवाओं ने कहा कि 2016 से लाइब्रेरियन की कोई भर्ती नहीं हुई। ब्रजेश पाठक के आवास पर जमा हुए प्रदर्शनकरियों ने बताया कि अप्रशिक्षित लोग लाइब्रेरियां चला रहे हैं। उनके पास कोई डिग्री नहीं है। हम डिग्री लेकर बेकार घूम रहे हैं। सरकार से मांग है की वैकेंसी निकाले। PET-2025 के आधार पर नई वैकेंसी निकालेंगे तो ठीक रहेगा। आगे आने वाले बच्चों को भी लाइब्रेरी साइंस कोर्स करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा। ‘हर महीने मिलती है तारीख’ प्रदर्शन में आए अमित ने कहा कि हम लोग लाइब्रेरियन वैकेंसी की मांग के लिए लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। इससे पहले 14 मई 2 जून और 19 जून 2026 को पिकप भवन का घेराव किया वहां सचिव साहब से मिलने नहीं दिया जाता। असिस्टेंट लोग हमसे बात करते हैं। उन लोगों ने बताया था कि 362 पोस्ट का अधियाचना हमारे पास है। अगले महीने वैकेंसी देंगे बोलकर बार बार टाला दिया जाता है। पिछली बार 2016 में वैकेंसी आई थी। हम लोग वैकेंसी के लिए कोर्स करके डिग्री रखे हुए हैं। घर वाले रोज पूछते हैं कि नौकरी कब लगेगी। ‘एक्ट का पालन नहीं हो रहा, कोर्स बंद कर दें’ मनीष ने कहा कि उत्तर प्रदेश में 2006 में लाइब्रेरी एक्ट बना था उसका पालन नहीं हो रहा है। लाइब्रेरी ऐसे व्यक्तियों से चलवाई जा रही हैं, जो कहीं से भी डिग्री लिए हुए नहीं हैं। जिनके अंदर कुशलता नहीं वो लाइब्रेरी चला रहे हैं। हम लोगों ने जो लाइब्रेरी की डिग्री ली है, वह सब अपना करिअर बर्बाद कर रहे है। हम लोग यह चाहते हैं कि लाइब्रेरी साइंस यानी पुस्तकालय विज्ञान का कोर्स बंद करा दिया जाए या हमारे लिए नई वैकेंसी निकाली जाए। जबतक नई वैकेंसी नहीं निकलती हमारा आंदोलन जारी रहेगा।

