जयपुर। राजस्थान के सरकारी स्कूलों में बाहरी लोगों के प्रवेश और स्कूल परिसर में वीडियोग्राफी व फोटोग्राफी पर रोक के आदेश को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के Co-Convener आशुतोष रांका ने सरकार के इस फैसले पर सवाल उठाते हुए ऐलान किया है कि वे 21 अगस्त को अपनी टीम के साथ जयपुर के दो सरकारी स्कूलों का दौरा करेंगे। रांका ने सरकार को चुनौती देते हुए कहा कि चाहे केस करिए या गिरफ्तार करिए, उनकी टीम स्कूलों तक जरूर जाएगी।
CJP के Co-Convener आशुतोष रांका और उनकी टीम 21 अगस्त को जयपुर के दो सरकारी स्कूलों का निरीक्षण करेगी। पहला दौरा सुबह 8 बजे बगरू विधानसभा क्षेत्र के रामपुरा कंवरपुरा स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय में होगा। इसके बाद सुबह 11:30 बजे टीम वाटिका रोड स्थित भट्टा वाला राजकीय सरकारी स्कूल पहुंचेगी। रांका का कहना है कि अभियान के तहत स्कूलों की वास्तविक स्थिति को सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है।
‘केस करिए, अरेस्ट करिए’
स्कूलों में बाहरी लोगों की एंट्री और फोटो-वीडियोग्राफी पर रोक को लेकर रांका ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि सरकार को उनकी टीम के स्कूल जाने पर आपत्ति है तो वह मुकदमा दर्ज कर सकती है या उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। रांका ने कहा, “हम स्कूल जा रहे हैं… आप केस करिए… अरेस्ट करिए।” उन्होंने यह भी कहा कि स्कूल के अंदर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी, क्योंकि बाहर से ही कई जगहों की स्थिति दिखाई दे जाती है।
‘शिक्षा मंत्री स्कूल ठीक कराने पर ध्यान दें’
रांका ने शिक्षा मंत्री मदन दिलावर से सरकारी स्कूलों की स्थिति सुधारने पर ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि सरकार अपनी ताकत स्कूलों को ठीक कराने में लगाए तो स्थिति बेहतर हो सकती है। उनका दावा है कि राजस्थान में करीब 85 हजार क्लासरूम जर्जर स्थिति में हैं और सरकार के पास उन्हें सुधारने के लिए कोई ठोस योजना नहीं है।
स्कूलों की बदहाली पर सरकार को घेरा
CJP नेता ने पिछले साल झालावाड़ में हुई स्कूल की घटना का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बाद भी कई स्कूलों में छत गिरने जैसी घटनाएं सामने आई हैं। रांका ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है और सरकार को इस दिशा में गंभीरता से काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सच्चाई छिपाने से हालात नहीं बदलेंगे और उनकी टीम स्कूलों की स्थिति को सामने लाने का अभियान जारी रखेगी।
‘वोट मांगने नहीं, शिक्षा व्यवस्था की लड़ाई लड़ रहे’
रांका ने कहा कि CJP का मौजूदा फोकस पूरी तरह शिक्षा व्यवस्था पर है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी टीम न तो वोट मांग रही है और न ही राजनीतिक अभियान चला रही है। उनका दावा है कि सरकारी स्कूलों की स्थिति का ऑडिट कर वास्तविक तस्वीर सामने लाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में टीम राजस्थान के अलग-अलग जिलों में जाएगी और पश्चिमी राजस्थान पर भी विशेष फोकस किया जाएगा।
‘सरकार सच से भागना चाहती है’
स्कूलों में प्रवेश और वीडियोग्राफी को लेकर जारी आदेश को रांका ने तानाशाही भरा बताया। उन्होंने कहा कि सरकार को सच्चाई सामने आने से डरना नहीं चाहिए। उनके मुताबिक, राजस्थान की सभी राजनीतिक पार्टियों को इस आदेश का विरोध करना चाहिए। उन्होंने कहा कि उनकी टीम सरकारी स्कूलों की स्थिति का सच जनता के सामने लाकर रहेगी।
राजनीतिक मुद्दों से दूरी की बात
रांका ने कहा कि CJP फिलहाल शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर ही अपना ध्यान केंद्रित कर रही है। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी और शिक्षा जैसे वास्तविक मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए कई बार दूसरे विषय सामने लाए जाते हैं, लेकिन उनकी पार्टी का फोकस स्पष्ट है। उन्होंने सरकार से अपील की कि वह भी अभियान के साथ आए और बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाने के लिए स्कूलों में सुधार की ठोस योजना बनाए।

