मोतिहारी के सुगौली प्रखंड में स्थित सुगांव मठ परिसर में गुरुवार को श्री श्री 108 श्रीमद्भागवत महापुराण यज्ञ और श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। इससे पहले एक भव्य कलश यात्रा निकाली गई। इस शोभायात्रा में 1501 कन्याओं ने अपने सिर पर कलश रखकर हिस्सा लिया। हाथी-घोड़े, गाजे-बाजे और भक्ति गीतों के साथ निकली यात्रा से पूरा इलाका भक्तिमय हो गया। श्रद्धालुओं के ‘जय श्रीकृष्ण’ के जयकारों से वातावरण गूंज उठा। कलश यात्रा मठ परिसर से शुरू होकर सुगांव गांव के अलग-अलग रास्तों से होते हुए मन घाट पहुंची। यहां वैदिक मंत्रों के साथ पूजा-अर्चना की गई और श्रद्धालुओं ने नदी से पवित्र जल भरा। धर्म का लाभ लेने की अपील की इसके बाद सभी कन्याएं और श्रद्धालु कलश लेकर वापस मठ परिसर आए, जहां वैदिक रीति-रिवाज से कलश स्थापना की गई। इस धार्मिक अनुष्ठान के बाद श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। कथा वाचक श्री श्री 108 श्यामनंदन दास ने बताया कि मठ परिसर में श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का आयोजन पूरे एक हफ्ते तक चलेगा। हर दिन श्रद्धालुओं को भागवत कथा सुनाई जाएगी और धार्मिक अनुष्ठान होंगे। उन्होंने ज्यादा से ज्यादा श्रद्धालुओं से कथा में शामिल होकर धर्म का लाभ लेने की अपील की। फल, खीर, पूरी और फराहार की विशेष व्यवस्था आयोजन समिति ने श्रद्धालुओं के स्वागत और सेवा के लिए खास इंतजाम किए हैं। इस मौके पर समाजसेवी शैलेश कुमार कुशवाहा ने कलश यात्रा में शामिल 1501 कन्याओं के लिए फल, खीर, पूरी और फराहार की विशेष व्यवस्था की। श्रद्धालुओं ने इस पहल की तारीफ की। इस कार्यक्रम में मदन गोपाल ठाकुर, नंदकिशोर ठाकुर, ई. नितेश हिंदू, आशुतोष आनंद, उदित ठाकुर, बाबा ओमप्रकाश दास समेत बड़ी संख्या में गणमान्य लोग और श्रद्धालु मौजूद रहे। इस आयोजन को लेकर पूरे इलाके में उत्साह का माहौल है। आने वाले दिनों में और भी ज्यादा श्रद्धालुओं के कथा सुनने पहुंचने की संभावना है। मोतिहारी के सुगौली प्रखंड में स्थित सुगांव मठ परिसर में गुरुवार को श्री श्री 108 श्रीमद्भागवत महापुराण यज्ञ और श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। इससे पहले एक भव्य कलश यात्रा निकाली गई। इस शोभायात्रा में 1501 कन्याओं ने अपने सिर पर कलश रखकर हिस्सा लिया। हाथी-घोड़े, गाजे-बाजे और भक्ति गीतों के साथ निकली यात्रा से पूरा इलाका भक्तिमय हो गया। श्रद्धालुओं के ‘जय श्रीकृष्ण’ के जयकारों से वातावरण गूंज उठा। कलश यात्रा मठ परिसर से शुरू होकर सुगांव गांव के अलग-अलग रास्तों से होते हुए मन घाट पहुंची। यहां वैदिक मंत्रों के साथ पूजा-अर्चना की गई और श्रद्धालुओं ने नदी से पवित्र जल भरा। धर्म का लाभ लेने की अपील की इसके बाद सभी कन्याएं और श्रद्धालु कलश लेकर वापस मठ परिसर आए, जहां वैदिक रीति-रिवाज से कलश स्थापना की गई। इस धार्मिक अनुष्ठान के बाद श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। कथा वाचक श्री श्री 108 श्यामनंदन दास ने बताया कि मठ परिसर में श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का आयोजन पूरे एक हफ्ते तक चलेगा। हर दिन श्रद्धालुओं को भागवत कथा सुनाई जाएगी और धार्मिक अनुष्ठान होंगे। उन्होंने ज्यादा से ज्यादा श्रद्धालुओं से कथा में शामिल होकर धर्म का लाभ लेने की अपील की। फल, खीर, पूरी और फराहार की विशेष व्यवस्था आयोजन समिति ने श्रद्धालुओं के स्वागत और सेवा के लिए खास इंतजाम किए हैं। इस मौके पर समाजसेवी शैलेश कुमार कुशवाहा ने कलश यात्रा में शामिल 1501 कन्याओं के लिए फल, खीर, पूरी और फराहार की विशेष व्यवस्था की। श्रद्धालुओं ने इस पहल की तारीफ की। इस कार्यक्रम में मदन गोपाल ठाकुर, नंदकिशोर ठाकुर, ई. नितेश हिंदू, आशुतोष आनंद, उदित ठाकुर, बाबा ओमप्रकाश दास समेत बड़ी संख्या में गणमान्य लोग और श्रद्धालु मौजूद रहे। इस आयोजन को लेकर पूरे इलाके में उत्साह का माहौल है। आने वाले दिनों में और भी ज्यादा श्रद्धालुओं के कथा सुनने पहुंचने की संभावना है।

