बिहार में आम लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज एक बार फिर जनता की शिकायतें सुनेंगे। राजधानी पटना स्थित मुख्यमंत्री सचिवालय में राज्य स्तरीय ‘सहयोग कार्यक्रम’ आयोजित किया जाएगा। इस दौरान राज्य के अलग-अलग जिलों से आए फरियादी अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री के सामने रखेंगे। मुख्यमंत्री शिकायतों को सुनने के बाद संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देंगे। सरकार का लक्ष्य है कि लोगों की समस्याओं का समयबद्ध तरीके से समाधान हो और उन्हें अपनी शिकायत लेकर बार-बार सरकारी कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े। मंत्री और अधिकारी भी रहेंगे मौजूद राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री और अधिकारी भी शामिल रहेंगे। दोनों उपमुख्यमंत्री, संबंधित विभागों के मंत्री और विभागों के प्रधान सचिव कार्यक्रम से जुड़े रहेंगे। इसके अलावा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी कार्यक्रम से जुड़ेंगे। मुख्यमंत्री किसी भी शिकायत पर सीधे संबंधित जिले और विभाग के अधिकारियों से जानकारी लेकर तत्काल कार्रवाई का निर्देश देंगे। क्या है ‘सहयोग कार्यक्रम’? बिहार सरकार ने उन लोगों के लिए राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम शुरू किया है, जिनकी समस्याओं का समाधान जिला स्तर पर नहीं हो पाया है। अगर किसी व्यक्ति ने अपनी समस्या को लेकर पहले स्थानीय स्तर पर CO, BDO, SDO, DM या संबंधित विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया है और इसके बावजूद उसकी शिकायत का समाधान नहीं हुआ है, तो वह राज्य स्तरीय कार्यक्रम में अपनी बात रख सकता है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य आम जनता को सीधे सरकार के शीर्ष स्तर तक अपनी समस्या पहुंचाने का अवसर देना है। हर महीने के दूसरे मंगलवार को होता है आयोजन ‘सहयोग कार्यक्रम’ का आयोजन हर महीने के दूसरे मंगलवार को किया जाता है। आज सितंबर महीने का दूसरा मंगलवार है, इसलिए मुख्यमंत्री सचिवालय में इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। पिछले कार्यक्रम में 181 मामलों की हुई थी सुनवाई अगस्त महीने में आयोजित सहयोग कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे थे। पिछले कार्यक्रम के दौरान 181 आवेदकों के मामलों की सुनवाई की गई थी। मुख्यमंत्री ने संबंधित मामलों पर अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए थे। बिहार में आम लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी आज एक बार फिर जनता की शिकायतें सुनेंगे। राजधानी पटना स्थित मुख्यमंत्री सचिवालय में राज्य स्तरीय ‘सहयोग कार्यक्रम’ आयोजित किया जाएगा। इस दौरान राज्य के अलग-अलग जिलों से आए फरियादी अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री के सामने रखेंगे। मुख्यमंत्री शिकायतों को सुनने के बाद संबंधित विभागों के अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देंगे। सरकार का लक्ष्य है कि लोगों की समस्याओं का समयबद्ध तरीके से समाधान हो और उन्हें अपनी शिकायत लेकर बार-बार सरकारी कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े। मंत्री और अधिकारी भी रहेंगे मौजूद राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री और अधिकारी भी शामिल रहेंगे। दोनों उपमुख्यमंत्री, संबंधित विभागों के मंत्री और विभागों के प्रधान सचिव कार्यक्रम से जुड़े रहेंगे। इसके अलावा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी कार्यक्रम से जुड़ेंगे। मुख्यमंत्री किसी भी शिकायत पर सीधे संबंधित जिले और विभाग के अधिकारियों से जानकारी लेकर तत्काल कार्रवाई का निर्देश देंगे। क्या है ‘सहयोग कार्यक्रम’? बिहार सरकार ने उन लोगों के लिए राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम शुरू किया है, जिनकी समस्याओं का समाधान जिला स्तर पर नहीं हो पाया है। अगर किसी व्यक्ति ने अपनी समस्या को लेकर पहले स्थानीय स्तर पर CO, BDO, SDO, DM या संबंधित विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया है और इसके बावजूद उसकी शिकायत का समाधान नहीं हुआ है, तो वह राज्य स्तरीय कार्यक्रम में अपनी बात रख सकता है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य आम जनता को सीधे सरकार के शीर्ष स्तर तक अपनी समस्या पहुंचाने का अवसर देना है। हर महीने के दूसरे मंगलवार को होता है आयोजन ‘सहयोग कार्यक्रम’ का आयोजन हर महीने के दूसरे मंगलवार को किया जाता है। आज सितंबर महीने का दूसरा मंगलवार है, इसलिए मुख्यमंत्री सचिवालय में इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। पिछले कार्यक्रम में 181 मामलों की हुई थी सुनवाई अगस्त महीने में आयोजित सहयोग कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे थे। पिछले कार्यक्रम के दौरान 181 आवेदकों के मामलों की सुनवाई की गई थी। मुख्यमंत्री ने संबंधित मामलों पर अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए थे।

