मुंगेर में चेहल्लुम जुलूस के शांतिपूर्ण समापन के बाद आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह हिंसक झड़प में बदल गया। यह घटना मुर्गियाचक और हजरतगंज अखाड़ा समिति के सदस्यों के बीच किसी बात को लेकर हुए विवाद के बाद हुई, जिसमें दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठियां बरसाईं। लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया झड़प के बाद समारोह स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और लोगों में भगदड़ मच गई। स्थिति को बिगड़ता देख मौके पर मौजूद पुलिस बल ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया और हालात को नियंत्रण में लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, इस झड़प में दोनों पक्षों के कुछ लोग घायल हुए हैं। उन्हें इलाज के लिए शहर के निजी क्लीनिकों में भर्ती कराया गया है। हालांकि, प्रशासन ने अभी तक घायलों की आधिकारिक संख्या की पुष्टि नहीं की है। वायरल वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जो दो दिन पुराना बताया जा रहा है। इस वीडियो में दोनों पक्षों के लोग एक-दूसरे पर लाठियों से हमला करते और पुलिस को स्थिति नियंत्रित करते हुए देखा जा सकता है। जिला प्रशासन ने चेहल्लुम जुलूस के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की थी और जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। हालांकि, समापन पर हुए पुरस्कार समारोह में हुई इस घटना ने पूरे आयोजन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और वायरल वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। मुंगेर में चेहल्लुम जुलूस के शांतिपूर्ण समापन के बाद आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह हिंसक झड़प में बदल गया। यह घटना मुर्गियाचक और हजरतगंज अखाड़ा समिति के सदस्यों के बीच किसी बात को लेकर हुए विवाद के बाद हुई, जिसमें दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठियां बरसाईं। लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया झड़प के बाद समारोह स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और लोगों में भगदड़ मच गई। स्थिति को बिगड़ता देख मौके पर मौजूद पुलिस बल ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया और हालात को नियंत्रण में लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, इस झड़प में दोनों पक्षों के कुछ लोग घायल हुए हैं। उन्हें इलाज के लिए शहर के निजी क्लीनिकों में भर्ती कराया गया है। हालांकि, प्रशासन ने अभी तक घायलों की आधिकारिक संख्या की पुष्टि नहीं की है। वायरल वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जो दो दिन पुराना बताया जा रहा है। इस वीडियो में दोनों पक्षों के लोग एक-दूसरे पर लाठियों से हमला करते और पुलिस को स्थिति नियंत्रित करते हुए देखा जा सकता है। जिला प्रशासन ने चेहल्लुम जुलूस के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की थी और जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। हालांकि, समापन पर हुए पुरस्कार समारोह में हुई इस घटना ने पूरे आयोजन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और वायरल वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है।


