मतदाता सूची से हटाए गए 47.5 लाख नाम, निर्वाचन आयोग ने ब्योरा नहीं दिया: सौरभ भारद्वाज

मतदाता सूची से हटाए गए 47.5 लाख नाम, निर्वाचन आयोग ने ब्योरा नहीं दिया: सौरभ भारद्वाज

नयी दिल्ली, एक सितंबर आम आदमी पार्टी (आप) की दिल्ली इकाई के प्रमुख सौरभ भारद्वाज ने मंगलवार को आरोप लगाया कि निर्वाचन आयोग ने बार-बार अनुरोध के बावजूद राजनीतिक दलों के साथ उन मतदाताओं के नाम, फोन नंबर और पते साझा नहीं किए हैं, जिनके नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं। भारद्वाज ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि पार्टी ने चुनाव अधिकारियों से यह जानकारी लिखित रूप में और बैठकों के दौरान भी मांगी थी। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) ने भी उन्हें आश्वासन दिया था कि ये विवरण साझा किए जाएंगे।

हालांकि, इस मामले में भारत निर्वाचन आयोग की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हो सकी। भारद्वाज ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद सूची राजनीतिक दलों के साथ साझा नहीं की गई। उन्होंने कहा कि इसके कारण राजनीतिक दल यह सत्यापित नहीं कर पा रहे हैं कि मतदाताओं के नाम वास्तव में सही कारणों से हटाए गए हैं या इसमें कोई अनियमितता हुई है।

उन्होंने कहा कि पार्टी इस मामले में अदालत का रुख करने की इच्छुक नहीं है, क्योंकि बिहार और पश्चिम बंगाल में ऐसे मामलों को लेकर कानूनी कार्यवाही पहले से चल रही है। भारद्वाज ने कहा कि सरकार में कोई भी बदलाव ‘‘सड़कों और संविधान’’ के जरिए ही होना चाहिए। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत दिल्ली की मतदाता सूची का मसौदा सोमवार को प्रकाशित किया गया।

इसमें मौजूदा 1.45 करोड़ मतदाताओं में से 47.5 लाख मतदाताओं के नाम हटा दिए गए हैं। दिल्ली की 70 विधानसभा सीटों में बुराड़ी में सबसे अधिक 1.67 लाख मतदाताओं के नाम हटाए गए। प्रतिशत के लिहाज से तुगलकाबाद में सबसे अधिक 47.85 प्रतिशत नाम हटाए गए हैं।

इसके बाद ओखला में 45.33 प्रतिशत, कस्तूरबा नगर में 44.03 प्रतिशत और बदरपुर में 42.67 प्रतिशत मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *