मऊ में आरटीओ कार्यालय पर अवैध वसूली और बिना जरूरी कागजात चल रही बसों-ट्रकों को कथित संरक्षण देने के आरोप लगाए गए हैं। सोमवार शाम करीब 3:30 बजे किसान नेताओं ने जिलाधिकारी आनंद वर्धन को एडीएम के माध्यम से ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की। राष्ट्रीय लोक दल के प्रदेश महासचिव एवं किसान नेता देव प्रकाश राय ने आरटीओ कार्यालय के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। बसें और ट्रक बिना कागजात के संचालित देव प्रकाश राय ने आरोप लगाया कि जिले में बड़ी संख्या में बसें और ट्रक बिना जरूरी कागजात के संचालित हो रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि मऊ से बनारस, लखनऊ, दिल्ली, हैदराबाद और जयपुर समेत विभिन्न शहरों के लिए चलने वाली कुछ बसों से कथित तौर पर बड़े पैमाने पर अवैध वसूली की जा रही है। किसान नेता के मुताबिक, जिले में 500 से अधिक ट्रक और करीब 150 बसें ऐसी हैं, जो कथित तौर पर नियमों के विपरीत संचालित हो रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नियमों का पालन करने वाले वाहनों पर कार्रवाई या चालान किया जा रहा है, जबकि कथित रूप से नियम विरुद्ध चल रहे वाहनों को पैसा लेकर संचालित होने दिया जा रहा है। अधिकारियों की मिलीभगत से संचालन उन्होंने एआरटीओ मऊ के अधिकारी सुहैल अहमद पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए पूरे मामले की जांच कराने की मांग की। देव प्रकाश राय ने आरोप लगाया कि कुछ बसें प्रतिबंधित रूटों और राष्ट्रीय राजमार्गों पर भी चल रही हैं और अधिकारियों की मिलीभगत से इनका संचालन हो रहा है। किसान नेताओं ने जिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि आरोप सही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही नियमों का उल्लंघन कर संचालित वाहनों पर नियमानुसार कार्रवाई और वैध वाहनों को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं करने की मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में किसान नेता राकेश सिंह, देव प्रकाश राय, देवेंद्र सिंह समेत अन्य लोग मौजूद रहे।

