चक्रवातीय तूफान अर्नब के असर से बुधवार शाम मंडला जिले में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। बिछिया, घुघरी, बम्हनी, रामनगर और सलवाह समेत कई जगहों पर बारिश दर्ज की गई। जिला मुख्यालय में भी शाम को बारिश शुरू हुई। मौसम के बदलाव से किसानों की चिंता बढ़ गई है। मौसम विभाग ने गुरुवार को जिले में कहीं-कहीं अतिभारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है। मंगलवार से जिले में आसमान पर बादल छाए हुए थे। बुधवार सुबह भी बादल रहे, लेकिन शाम को काले बादल छाने के बाद बारिश शुरू हो गई। बादलों के कारण तापमान में बदलाव आया और न्यूनतम तापमान बढ़ा। बारिश और तेज हवाओं से खेतों में तैयार धान की फसल गिर सकती है। जिन खेतों में धान पक चुकी है, वहां बारिश से दानों की गुणवत्ता खराब होने और फसल को नुकसान का खतरा है। दलहन और तिलहन की फसलों पर भी असर पड़ सकता है। कीट और रोगों से बची फसल को मौसम से नुकसान होने की आशंका से किसान चिंतित हैं। हालांकि, बुधवार की बारिश से फसलों को नुकसान की तत्काल कोई सूचना नहीं मिली है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 29 अक्टूबर को जिले में कहीं-कहीं 115.6 से 204.4 मिलीमीटर तक अतिभारी बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज-चमक, आकाशीय बिजली और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। 30 और 31 अक्टूबर को भी कहीं-कहीं गरज-चमक, बिजली गिरने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। 1 नवंबर को कुछ जगहों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। लगातार बदलते मौसम और बारिश के पूर्वानुमान से किसान चिंतित हैं। उन्हें आशंका है कि तेज हवा और बारिश जारी रही, तो तैयार फसल को नुकसान हो सकता है।

