भोजपुर में आपसी विवाद में छोटे भाई ने बड़े भाई की हत्या कर दी। लाठी-डंडे से पीट-पीटकर हत्या का आरोप है। मृतक की पहचान मिठहां गांव के वार्ड 12 निवासी हीरा लाल राम(73) के तौर पर हुई है। घटना धनगाई थाना क्षेत्र की है। सिर पर 5 इंच का जख्म परिजन के अनुसार हीरा लाल राम करीब 25 वर्षों से ओझाई का काम करते थे। आरोप है कि गुरुवार को गाली-गलौज के बाद जब वह खेत की ओर जा रहे थे, तभी उनके छोटे भाई लाल बाबू मुसहर ने रास्ते में घात लगाकर लाठी से सिर पर हमला कर दिया। हमले में उनके सिर पर पांच इंच से अधिक गहरा जख्म हो गया। खून से लथपथ हालत में वह खेत में कई घंटे तक पड़े रहे। बाद में ग्रामीणों की सूचना पर परिवार के लिए मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। ‘बेटी की मौत का जिम्मेदार मानते थे’ मृतक के बेटे अजय कुमार ने बताया कि करीब 12 साल पहले उनके चाचा लाल बाबू मुसहर की बेटी की तबीयत खराब होने के बाद मौत हो गई थी। झाड़-फूंक कराने के लिए लाल बाबू अपनी बेटी को लेकर मेरे पिता के पास पहुंचे थे। झाड़-फूंक के दौरान पिताजी ने बताया कि बच्ची की मौत पहले ही हो चुकी है। इसके बाद मेरे चाचा लाल बाबू ने उनपर ही हत्या का आरोप लगा दिया। जिसको लेकर अक्सर विवाद करते थे। दोनों भाइयों के बीच विवाद हुआ था अजय का कहना है कि उस घटना के बाद से ही लाल बाबू लगातार उसके पिता को ताना देते थे। कहते थे कि ओझाई के कारण उनकी बेटी की मौत हुई। गुरुवार को भी दोनों भाइयों के बीच विवाद हुआ था। खेत जाने के दौरान लाठी से उनके सिर पर हमला कर दिया। जिससे उनकी जान चली गई। छानबीन में जुटी पुलिस सूचना मिलने पर धनगाई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मृत्यु समीक्षा रिपोर्ट तैयार की। इसके बाद शव को सदर अस्पताल भेजकर पोस्टमार्टम कराया गया। थानाध्यक्ष ने बताया कि दोनों भाइयों के बीच विवाद की बात सामने आई है। मृतक के बेटे ने अपने चाचा पर हत्या का आरोप लगाया है। मामले की छानबीन की जा रही है। भोजपुर में आपसी विवाद में छोटे भाई ने बड़े भाई की हत्या कर दी। लाठी-डंडे से पीट-पीटकर हत्या का आरोप है। मृतक की पहचान मिठहां गांव के वार्ड 12 निवासी हीरा लाल राम(73) के तौर पर हुई है। घटना धनगाई थाना क्षेत्र की है। सिर पर 5 इंच का जख्म परिजन के अनुसार हीरा लाल राम करीब 25 वर्षों से ओझाई का काम करते थे। आरोप है कि गुरुवार को गाली-गलौज के बाद जब वह खेत की ओर जा रहे थे, तभी उनके छोटे भाई लाल बाबू मुसहर ने रास्ते में घात लगाकर लाठी से सिर पर हमला कर दिया। हमले में उनके सिर पर पांच इंच से अधिक गहरा जख्म हो गया। खून से लथपथ हालत में वह खेत में कई घंटे तक पड़े रहे। बाद में ग्रामीणों की सूचना पर परिवार के लिए मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। ‘बेटी की मौत का जिम्मेदार मानते थे’ मृतक के बेटे अजय कुमार ने बताया कि करीब 12 साल पहले उनके चाचा लाल बाबू मुसहर की बेटी की तबीयत खराब होने के बाद मौत हो गई थी। झाड़-फूंक कराने के लिए लाल बाबू अपनी बेटी को लेकर मेरे पिता के पास पहुंचे थे। झाड़-फूंक के दौरान पिताजी ने बताया कि बच्ची की मौत पहले ही हो चुकी है। इसके बाद मेरे चाचा लाल बाबू ने उनपर ही हत्या का आरोप लगा दिया। जिसको लेकर अक्सर विवाद करते थे। दोनों भाइयों के बीच विवाद हुआ था अजय का कहना है कि उस घटना के बाद से ही लाल बाबू लगातार उसके पिता को ताना देते थे। कहते थे कि ओझाई के कारण उनकी बेटी की मौत हुई। गुरुवार को भी दोनों भाइयों के बीच विवाद हुआ था। खेत जाने के दौरान लाठी से उनके सिर पर हमला कर दिया। जिससे उनकी जान चली गई। छानबीन में जुटी पुलिस सूचना मिलने पर धनगाई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मृत्यु समीक्षा रिपोर्ट तैयार की। इसके बाद शव को सदर अस्पताल भेजकर पोस्टमार्टम कराया गया। थानाध्यक्ष ने बताया कि दोनों भाइयों के बीच विवाद की बात सामने आई है। मृतक के बेटे ने अपने चाचा पर हत्या का आरोप लगाया है। मामले की छानबीन की जा रही है।

