भाजपा विधायक का मकान डूबा, 24 घंटे से परिवार कैद:नदी किनारे निर्माण पर विवाद, विधायक बोले- निगम अधिकारियों ने दी थी निर्माण की परमिशन

भाजपा विधायक का मकान डूबा, 24 घंटे से परिवार कैद:नदी किनारे निर्माण पर विवाद, विधायक बोले- निगम अधिकारियों ने दी थी निर्माण की परमिशन

रीवा में 15 घंटे की लगातार बारिश के बाद शहर में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। बीहर नदी के तट से कुछ दूरी पर स्थित गुढ़ विधायक नागेंद्र सिंह का घर भी पानी से घिर गया है। विधायक पिछले करीब 24 घंटे से अपने परिवार के साथ घर में ही फंसे हुए हैं। घर के सबसे निचले हिस्से में पूरी तरह पानी भर चुका है, जबकि अब ऊपरी हिस्से में भी पानी पहुंचने लगा है। घर से बाहर निकलने और जरूरी सामान के लिए बाहर जाने की स्थिति नहीं है। हालात का जायजा लेने के लिए भास्कर की टीम भी पानी में उतरकर विधायक के घर तक पहुंची। विधायक के घर का नीचे वाला हिस्सा पूरी तरह पानी में डूब गया है। घर में रखा सामान भी पानी में तैर रहा है। लगातार बढ़ते पानी के कारण परिवार को दूसरी मंजिल पर रहना पड़ रहा है। देखें तस्वीरें… विधायक ने जल निकासी व्यवस्था पर उठाए सवाल गुढ़ विधायक नागेंद्र सिंह ने शहर में जलभराव की स्थिति को लेकर सिस्टम और मैनेजमेंट पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जनता से मिलने और प्रभावित लोगों तक पहुंचने में परेशानी हो रही है। जरूरी सामग्री के लिए प्रशासन की मदद लेने की बात भी कही। विधायक ने शहर की जल निकासी व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए पुराने पुलों और मौजूदा व्यवस्था का जिक्र किया। उन्होंने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और महापौर अजय मिश्रा बाबा को मौजूदा स्थिति के आधार पर 10 में से 0 नंबर देने की बात कही। बहू बोलीं- घर में सब्जी-किराना तक नहीं पहुंच पा रहा विधायक की पुत्रवधू रश्मि राजा सिंह ने बताया कि घर में सब्जी और किराना सामान तक नहीं पहुंच पा रहा है। चारों तरफ पानी होने के कारण बाहर निकलना संभव नहीं है। घर का सबसे निचला हिस्सा पहले पानी में डूब गया था। वहां रखा सामान ऊपर ले जाया गया, लेकिन अब ऊपर भी पानी पहुंचने लगा है। कर्मचारी बोला- पहली मंजिल पर सामान तैर रहा विधायक के घर के कर्मचारी और केयरटेकर रामार्चन चौरसिया ने बताया कि सुबह करीब 5 बजे से घर में पानी भरना शुरू हुआ था। इसके बाद पानी लगातार बढ़ता गया। विधायक और उनका पूरा परिवार दूसरी मंजिल पर है। पहली मंजिल में पानी भर चुका है और वहां रखा सामान पानी में तैर रहा है। महापौर बोले- निगम की टीमें लगातार व्यवस्था बनाने में जुटी महापौर अजय मिश्रा बाबा ने बताया कि रीवा में बाढ़ जैसे हालात के बीच नगर निगम की टीमें लगातार व्यवस्था बनाने में जुटी हैं। जलभराव वाले क्षेत्रों में पानी की निकासी, लोगों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने और जरूरी व्यवस्थाएं उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। प्रशासन को अलर्ट रहने के निर्देश डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने रीवा में लगातार बारिश और जलभराव की स्थिति को लेकर प्रशासन को जरूरी व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए हैं। प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव व्यवस्था पर नजर रखने तथा जरूरत के अनुसार लोगों की मदद करने के लिए कहा गया है। नदी के पास घर को लेकर उठे सवाल विधायक का घर बीहर नदी के तट से कुछ दूरी पर स्थित है। ऐसे में नदी के इतने नजदीक निर्माण की अनुमति को लेकर सवाल उठ रहे हैं। विधायक ने नदी की जमीन पर कब्जे से इनकार किया है। उन्होंने बताया कि यह जमीन वर्ष 1975 में खरीदी गई थी और तत्कालीन नगर निगम अधिकारियों ने निर्माण की अनुमति दी थी। कांग्रेस ने लगाया अतिक्रमण का आरोप कांग्रेस प्रवक्ता डॉ. विनोद शर्मा ने विधायक के घर में पानी भरने को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा विधायक ने नदी क्षेत्र में अतिक्रमण किया है। कांग्रेस ने शहर में जलभराव के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं होने का भी आरोप लगाया है। विधायक बोले- निगम अधिकारियों ने दी थी परमिशन विधायक का घर बीहर नदी के तट से चंद दूरी पर स्थित है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि नदी के इतने नजदीक और प्रतिबंधित क्षेत्र में निर्माण की अनुमति कैसे मिली। इस पर विधायक नागेंद्र सिंह ने कहा कि उन्होंने नदी की जमीन पर कब्जा नहीं किया है। विधायक ने कहा कि यदि उस समय अधिकारियों ने गलत स्वीकृति दी थी तो उसकी जिम्मेदारी उनकी नहीं है। उन्होंने कहा कि जमीन वैध तरीके से खरीदी गई थी और संबंधित समय में नगर निगम के अधिकारियों से अनुमति ली गई थी। 15 घंटे की बारिश ने बिगाड़ी शहर की तस्वीर लगातार बारिश के कारण रीवा शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति गंभीर हो गई है। सड़कें पानी में डूबी हैं और कई स्थानों पर लोगों का आवागमन प्रभावित हुआ है। बीहर नदी के आसपास के क्षेत्रों में पानी बढ़ने से स्थिति और गंभीर हो गई है। विधायक का घर भी इसी जलभराव की चपेट में है। लगातार बढ़ते पानी के बीच प्रशासन और नगर निगम के सामने लोगों को सुरक्षित निकालने तथा जल निकासी की व्यवस्था करने की चुनौती बनी हुई है। वकील वीके माला द्वारा लगाए गए आरोप अधिवक्ता वीके माला का आरोप है कि विधायक का मकान नदी के प्रतिबंधित क्षेत्र में बना है। उन्होंने सामान्य तटीय क्षेत्र में 50 मीटर और बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में 300 मीटर के दायरे का उल्लेख किया है। निर्माण की अनुमति पर सवाल: उनका कहना है कि जमीन की रजिस्ट्री या निजी स्वामित्व होने से नदी क्षेत्र में निर्माण का अधिकार नहीं मिल जाता। इसके लिए सक्षम अधिकारी की अनुमति जरूरी है। अनुमति की जांच की मांग: अधिवक्ता ने आरोप लगाया कि प्रतिबंधित क्षेत्र में निर्माण की अनुमति किस आधार पर दी गई, इसकी जांच होनी चाहिए। सीमांकन और रिकॉर्ड जांच: उन्होंने राजस्व रिकॉर्ड की जांच और जमीन का आधिकारिक सीमांकन कराने की मांग की है। जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग: उन्होंने नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कब्जाधारी और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ प्रशासनिक व कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *