Cardiomegaly Symptoms: क्या आपको थोड़ा सा चलने पर भी सांस फूलने लगती है? या फिर शाम होते-होते आपके पैरों और टखनों में सूजन आ जाती है? अक्सर लोग इन लक्षणों को थकान या उम्र का असर मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, पैरों में सूजन और सांस फूलना कार्डियोमेगाली (Cardiomegaly) यानी बढ़े हुए दिल का एक प्रमुख संकेत हो सकता है। आइए जानते हैं कि ये क्या होता है और इसके लक्षण क्या होते हैं?
कार्डियोमेगाली (Cardiomegaly) क्या होता है?
मेयो क्लिनिक के अनुसार, कार्डियोमेगाली खुद कोई बीमारी नहीं है, बल्कि यह किसी अन्य बीमारी या शारीरिक स्थिति के कारण दिल का आकार सामान्य से बड़ा हो जाना (Enlarged Heart) है। जब दिल को शरीर के सभी अंगों तक खून पंप करने के लिए सामान्य से अधिक मेहनत करनी पड़ती है, तो उसकी मांसपेशियां मोटी या खिंचकर बड़ी हो जाती हैं। ठीक वैसे ही जैसे बहुत ज्यादा एक्सरसाइज करने से हमारे हाथ की मांसपेशियां (Biceps) बढ़ जाती हैं। लेकिन दिल का बड़ा होना सेहत के लिए अच्छा नहीं होता इससे दिल की काम करने की क्षमता धीरे-धीरे कम होने लगती है।
दिल का आकार बड़ा होने के मुख्य कारण
क्लीवलैंड और मेयो क्लिनिक के अनुसार, कई स्वास्थ्य समस्याओं के कारण दिल का आकार बढ़ सकता है;
1.उच्च रक्तचाप (High Blood Pressure)- जब ब्लड प्रेशर हाई रहता है, तो दिल को नसों में खून भेजने के लिए बहुत जोर लगाना पड़ता है। लगातार ज्यादा जोर लगाने से दिल का बायां हिस्सा (Left Ventricle) बड़ा हो जाता है।
2. हार्ट अटैक या कोरोनरी आर्टरी डिजीज- अगर दिल की नसों में रुकावट के कारण पहले कभी हार्ट अटैक आया हो, तो दिल का प्रभावित हिस्सा कमजोर हो जाता है। बाकी हिस्सों को ज्यादा काम करना पड़ता है, जिससे आकार बढ़ जाता है।
3. हार्ट वाल्व की समस्या (Heart Valve Disease)- दिल के अंदर चार वाल्व होते हैं जो खून के बहाव को सही दिशा में रखते हैं। अगर कोई वाल्व ठीक से न खुले या लीक करे, तो दिल पर दबाव बढ़ जाता है।
4. कार्डियोमायोपैथी (Cardiomyopathy)- यह दिल की मांसपेशियों की अपनी बीमारी होती है, जिसमें दिल की दीवारें मोटी या सख्त हो जाती हैं।
5. एनीमिया और थायराइड विकार- खून की भारी कमी (Severe Anemia) या थायराइड ग्रंथियों का सही से काम न करना भी दिल पर अतिरिक्त दबाव डालता है।
6. गर्भावस्था- गर्भावस्था के दौरान शरीर को अधिक खून पंप करना पड़ता है, जिससे कभी-कभी अस्थायी रूप से दिल का आकार बढ़ सकता है।
कार्डियोमेगाली के मुख्य लक्षण?
शुरुआती चरणों में हो सकता है कि आपको कोई लक्षण महसूस न हो। लेकिन जैसे-जैसे स्थिति बढ़ती है, शरीर में ये बदलाव दिखाई देने लगते हैं:
- सांस फूलना (Shortness of Breath)।
- पैरों और टखनों में सूजन (Edema)।
- अत्यधिक थकान और कमजोरी।
- सीने में बेचैनी या दर्द:।
- अनियमित धड़कन (Arrhythmia)।
- वजन का अचानक बढ़ना।
कार्डियोमेगाली का इलाज और बचाव
कार्डियोमेगाली का इलाज इस बात पर निर्भर करता है कि किस मूल बीमारी के कारण दिल बढ़ा है। डॉक्टर ब्लड प्रेशर कम करने, शरीर से अतिरिक्त पानी निकालने (Diuretics) और दिल की धड़कन को नियंत्रित करने की दवाइयां देते हैं।
जीवनशैली में बदलाव
- नमक कम खाएं।
- नियमित वॉक करें।
- वजन और बीपी पर नजर रखें।
- धूम्रपान और अल्कोहल से दूरी बनाएं।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

