रायबरेली के खीरों थाना क्षेत्र के कान्हामऊ गांव में मकान बेचने और उसकी चाबी को लेकर हुए विवाद में परिवार के मुखिया आसाराम पाल (उम्र नहीं दी गई) की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। पुलिस के मुताबिक, हत्या का आरोप उनकी पत्नी शशि देवी और बेटे रोहित पाल पर है। दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। आसाराम पाल खेत में बने मकान में अकेले रहकर खेती करते थे। उनकी पत्नी शशि देवी और दोनों बेटे रोहित व गौरव लंबे समय से उनसे अलग रह रहे थे। 9 सितंबर को आबादी क्षेत्र में स्थित पुराने मकान को बेचने और उसकी चाबी को लेकर आसाराम का पत्नी और बेटों से विवाद हुआ। विवाद बढ़ा तो लाठी-डंडों से हमला पुलिस के अनुसार, विवाद बढ़ने पर परिजनों ने आसाराम पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। मारपीट में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची। एंबुलेंस उपलब्ध न होने पर पुलिसकर्मी घायल आसाराम को अपनी जीप से खीरों सीएचसी ले गए। यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। 2 दिन बाद पत्नी-बेटा गिरफ्तार घटना के बाद पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की। एसपी रायबरेली रवि कुमार के निर्देश पर खीरों पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 11 सितंबर को मुख्य आरोपी पत्नी शशि देवी और बेटे रोहित पाल को गिरफ्तार कर लिया। हत्या में इस्तेमाल डंडा बरामद पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल लकड़ी का एक डंडा भी बरामद किया है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। गिरफ्तारी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक संतोष कुमार सिंह, उप निरीक्षक कुलदीप सिंह बुंदेला, आरक्षक टेक चंद्र, अमरदेव यादव, हरेंद्र सिंह और कोमल वर्मा शामिल रहे।

