फिरोजाबाद में आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बुधवार दोपहर 1 बजे जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन 13 सितंबर को गोंडा जाते समय बाराबंकी के रामनगर क्षेत्र में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद के काफिले को रोके जाने और बाद में पथराव की घटना के विरोध में किया गया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने आरोपियों पर कार्रवाई और घटना की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर नारेबाजी की। बाराबंकी में काफिला रोके जाने और पथराव में कुछ कार्यकर्ताओं के घायल होने की रिपोर्ट सामने आई थी। जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में कार्यकर्ता जिला मुख्यालय पहुंचे। पदाधिकारियों ने कहा कि चंद्रशेखर आजाद गोंडा में पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे थे। इसी दौरान रामनगर क्षेत्र में पुलिस ने काफिले को रोक दिया। पार्टी का आरोप है कि इसके बाद कुछ लोगों ने काफिले पर पत्थर और दूसरी चीजें फेंकीं। पार्टी का दावा- गाड़ियों के शीशे टूटे, कार्यकर्ता घायल आजाद समाज पार्टी के मुताबिक, पथराव में काफिले की गाड़ियों के शीशे टूट गए और कई कार्यकर्ताओं को चोटें आईं। पार्टी ने घटना की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। बाराबंकी की घटना के बाद अन्य जिलों में भी पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन और ज्ञापन दिए हैं।
पुलिस व्यवस्था की भी जांच कराने की मांग प्रदर्शनकारियों ने कहा कि घटना के समय मौके पर मौजूद पुलिस व्यवस्था की भी जांच होनी चाहिए। उन्होंने काफिले पर हुए पथराव में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। इसके साथ ही चंद्रशेखर आजाद की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कराने की मांग भी उठाई। राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन प्रदर्शन के बाद कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। इसमें काफिले पर हुए पथराव की निष्पक्ष जांच, आरोपियों पर कार्रवाई और पुलिस व्यवस्था की जांच की मांग की गई है। पार्टी पदाधिकारियों ने कहा कि अगर मामले में जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो कार्यकर्ता आंदोलन को आगे बढ़ाएंगे।

