पंजाब के तरनतारन स्थित गोइंदवाल साहिब की केंद्रीय जेल में बंद एक कैदी जसपाल सिंह की अचानक सांस रुकने से मौत हो गई। जेल प्रशासन के अनुसार, कैदी की तबीयत बिगड़ने पर उसे तुरंत बचाने का प्रयास किया गया, लेकिन अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही उसने दम तोड़ दिया। मामले की जानकारी देते हुए अमृतसर के गांव गुरवाली निवासी हरजिंदर सिंह ने गोइंदवाल पुलिस स्टेशन में अपना बयान दर्ज कराया। उन्होंने बताया कि उनका बड़ा भाई जसपाल सिंह NDPS (नशीले पदार्थ) एक्ट के तहत दर्ज एक मामले में 12 सितंबर 2026 से चाटीविंड पुलिस स्टेशन की पुलिस द्वारा गोइंदवाल जेल में बंद था। मृतक के भाई हरजिंदर सिंह के बयानों के मुताबिक, उनके भाई की मौत के लिए कोई भी व्यक्ति जिम्मेदार नहीं है और यह एक प्राकृतिक मौत प्रतीत होती है। मामले की जांच कर रहे सब-इंस्पेक्टर जसवंत सिंह ने बताया कि पुलिस ने बीएनएस/सीआरपीसी की धारा 194 (174) के तहत मामला दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। मृतक जसपाल सिंह के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया गया है, ताकि मौत के सही कारणों का पता चल सके।

