खगड़िया में सोमवार को जिलाधिकारी विक्रम वीरकर की अध्यक्षता में समन्वय बैठक हुई। इसमें कानून-व्यवस्था समेत जिले से जुड़े कई जरूरी मुद्दों की समीक्षा की गई। बैठक में सूखा नशा और स्मैक के बढ़ते चलन को रोकने पर खास चर्चा हुई। डीएम ने अधिकारियों को नशे के सेवन के साथ-साथ इसके कारोबार और सप्लाई नेटवर्क पर भी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने ग्राम और वार्ड सदस्यों के साथ वार्डवार बैठक कर ऐसे स्थानों की पहचान करने को कहा, जहां नशीले पदार्थों के सेवन या इससे जुड़ी गतिविधियों की आशंका है। इन जगहों पर खास निगरानी रखने का निर्देश दिया गया। सुनसान भवनों में रोशनी, पुलिस की गश्त बढ़ाने के निर्देश
डीएम ने पुराने, सुनसान और टूटी-फूटी इमारतों में रोशनी का इंतजाम करने को कहा, ताकि उनका इस्तेमाल नशे या दूसरी गैरकानूनी गतिविधियों के लिए नहीं हो। चिन्हित संवेदनशील जगहों पर लगातार पुलिस गश्त और निगरानी रखने तथा संदिग्ध गतिविधि मिलने पर तुरंत कार्रवाई करने को कहा गया। बिना रजिस्ट्रेशन वाले नशा मुक्ति केंद्रों की जांच
बैठक में बिना रजिस्ट्रेशन चल रहे नशा मुक्ति केंद्रों की जांच कर नियमों के अनुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने को भी कहा गया। डीएम ने स्पष्ट किया कि कार्रवाई सिर्फ नशा करने वालों तक सीमित नहीं रहे, बल्कि पूरे नेटवर्क और कारोबार से जुड़े लोगों पर हो। बुधवार तक कर्मचारियों के बकाया मामलों का निपटारा
बैठक में कर्मचारियों के बकाया लाभ से जुड़े मामलों की भी समीक्षा हुई। डीएम ने सभी निकासी एवं व्ययन अधिकारियों को ऐसे लंबित मामलों को बुधवार तक निपटाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन अधिकारियों के पास मामले लंबित मिलेंगे, उनके वेतन पर कार्रवाई की जाएगी। आपदा में मृत लोगों के आश्रितों को तुरंत सहायता
डीएम ने आपदा में मृत व्यक्तियों के आश्रितों को देय सहायता राशि का तत्काल भुगतान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी पदाधिकारी तय समय-सीमा में कार्रवाई सुनिश्चित करें। खगड़िया में सोमवार को जिलाधिकारी विक्रम वीरकर की अध्यक्षता में समन्वय बैठक हुई। इसमें कानून-व्यवस्था समेत जिले से जुड़े कई जरूरी मुद्दों की समीक्षा की गई। बैठक में सूखा नशा और स्मैक के बढ़ते चलन को रोकने पर खास चर्चा हुई। डीएम ने अधिकारियों को नशे के सेवन के साथ-साथ इसके कारोबार और सप्लाई नेटवर्क पर भी कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उन्होंने ग्राम और वार्ड सदस्यों के साथ वार्डवार बैठक कर ऐसे स्थानों की पहचान करने को कहा, जहां नशीले पदार्थों के सेवन या इससे जुड़ी गतिविधियों की आशंका है। इन जगहों पर खास निगरानी रखने का निर्देश दिया गया। सुनसान भवनों में रोशनी, पुलिस की गश्त बढ़ाने के निर्देश
डीएम ने पुराने, सुनसान और टूटी-फूटी इमारतों में रोशनी का इंतजाम करने को कहा, ताकि उनका इस्तेमाल नशे या दूसरी गैरकानूनी गतिविधियों के लिए नहीं हो। चिन्हित संवेदनशील जगहों पर लगातार पुलिस गश्त और निगरानी रखने तथा संदिग्ध गतिविधि मिलने पर तुरंत कार्रवाई करने को कहा गया। बिना रजिस्ट्रेशन वाले नशा मुक्ति केंद्रों की जांच
बैठक में बिना रजिस्ट्रेशन चल रहे नशा मुक्ति केंद्रों की जांच कर नियमों के अनुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। नशीले पदार्थों की बिक्री और सप्लाई में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने को भी कहा गया। डीएम ने स्पष्ट किया कि कार्रवाई सिर्फ नशा करने वालों तक सीमित नहीं रहे, बल्कि पूरे नेटवर्क और कारोबार से जुड़े लोगों पर हो। बुधवार तक कर्मचारियों के बकाया मामलों का निपटारा
बैठक में कर्मचारियों के बकाया लाभ से जुड़े मामलों की भी समीक्षा हुई। डीएम ने सभी निकासी एवं व्ययन अधिकारियों को ऐसे लंबित मामलों को बुधवार तक निपटाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन अधिकारियों के पास मामले लंबित मिलेंगे, उनके वेतन पर कार्रवाई की जाएगी। आपदा में मृत लोगों के आश्रितों को तुरंत सहायता
डीएम ने आपदा में मृत व्यक्तियों के आश्रितों को देय सहायता राशि का तत्काल भुगतान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी पदाधिकारी तय समय-सीमा में कार्रवाई सुनिश्चित करें।

