आज यानी 1 सितंबर 2026 से कॉमर्शियल सिलेंडर औसतम 11.50 रुपए महंगा हो गया है। वहीं मुंबई में आज से दूध 9 रुपए प्रति किलो तक महंगा हो गया है। इसके अलावा जिन उपभोक्ताओं ने LPG कनेक्शन की e-KYC पूरी नहीं की है, उन्हें सब्सिडी का फायदा लेने में परेशानी हो सकता है। e-KYC कराने की समयसीमा 31 अगस्त थी। सितंबर में होने जा रहे 5 बड़े बदलाव… 1. कॉमर्शियल गैस सिलेंडर औसतन 11.50 रुपए महंगा बदलाव: तेल कंपनियों ने कॉमर्शियल गैस सिलेंडर औसतन ₹11.50 रुपए तक महंगा कर दिया है। कोलकाता में इसकी कीमत ₹2884 हो गई है। पहले ये ₹₹2872.50 में मिल रहा था। असर: कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम घटने से रेस्टोरेंट मालिकों का खर्च मामूली बढ़ेगा। ऐसे में वे चाय, नाश्ते और थाली महंगे कर सकते हैं। शादियों की कैटरिंग भी महंगी हो सकती है। देश के प्रमुख शहरों में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत 14 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं
2. मुंबई में आज से दूध 9 रुपए प्रति लीटर महंगा बदलाव असर 3. e-KYC नहीं कराई, अब अटक सकती है एलपीजी सब्सिडी बदलाव: एलपीजी सब्सिडी का फायदा जारी रखने के लिए e-kyc कराने की आखिरी तारीख 31 अगस्त थी। तेल कंपनियों ने सभी घरेलू एलपीजी ग्राहकों से इस काम को पूरा करने को कहा था। असर: तारीख बीत जाने के बाद बायोमेट्रिक पहचान न कराने वाले ग्राहकों की सब्सिडी रुक सकती है। गैस मिलने में भी परेशानी आ सकती है। हालांकि, पहचान दर्ज न होने पर सिलेंडर की बुकिंग तुरंत बंद होगी या नहीं, यह कंपनी के नियमों पर निर्भर करेगा। जिन लोगों ने अभी तक यह काम नहीं कराया है, उन्हें किसी भी असुविधा से बचने के लिए जल्द से जल्द अपनी गैस एजेंसी से संपर्क करना चाहिए। 4. अब विदेश जाने के लिए बोर्डिंग पास पर स्टैम्प की जरूरत नहीं बदलाव: भारत से विदेश जाने वाले यात्रियों के लिए 1 सितंबर 2026 से इमिग्रेशन काउंटर पर बोर्डिंग पास पर स्टैम्प लगवाने का नियम खत्म कर दिया गया है। अब प्रोसेस डिजिटल हो गई है। अब यात्री इमिग्रेशन के समय अपने फोन में ई-बोर्डिंग पास दिखा सकते हैं। हालांकि, सही पासपोर्ट, वीजा और सुरक्षा जांच से जुड़े बाकी सभी नियम पहले की तरह ही लागू रहेंगे। असर: इस नए नियम से एयरपोर्ट पर डिपार्चर प्रोसेस आसान होगी और यात्रियों का समय बचेगा। इमिग्रेशन काउंटर पर भीड़ कम होगी और विदेश जाने वालों का सफर आसान हो जाएगा। 5. आज से महंगी होंगी टाटा और हुंडई की कारें बदलाव: टाटा मोटर्स ने आज से अपनी गाड़ियों के सभी मॉडल्स और वैरिएंट्स को 25,000 रुपए तक महंगा कर दिया है। वहीं, हुंडई मोटर इंडिया भी कीमतों में 1% तक का इजाफा किया है। कारण: कच्चे माल (कमोडिटी) के बढ़ते दाम, परिचालन लागत (ऑपरेटिंग कॉस्ट) और महंगाई के दबाव को कम करने के लिए कंपनियों ने यह फैसला लिया है। असर: सितंबर से टाटा या हुंडई की नई कार या SUV खरीदने वाले ग्राहकों को ज्यादा पैसे चुकाने होंगे। दोनों कंपनियों ने स्पष्ट किया है कि बढ़ोतरी की सटीक रकम कार के मॉडल और वैरिएंट पर निर्भर करेगी, इसलिए बुकिंग से पहले ग्राहकों को नई प्राइस लिस्ट चेक करनी होगी।
कॉमर्शियल सिलेंडर ₹11.50 और दूध ₹9 तक महंगा:टाटा-हुंडई की कारों की कीमतें ₹25 हजार तक बढ़ीं; बिना e-KYC अटक सकती है एलपीजी सब्सिडी

