किशनगंज में विधवा महिला के घर भीषण आग:2 बकरी और 25 मुर्गियां जलीं; दो गाय भी झुलसीं, प्रशासन से मुआवजे की मांग

किशनगंज में विधवा महिला के घर भीषण आग:2 बकरी और 25 मुर्गियां जलीं; दो गाय भी झुलसीं, प्रशासन से मुआवजे की मांग

किशनगंज के बहादुरगंज प्रखंड की मोहम्मदनगर पंचायत के बालूवाड़ी वार्ड नंबर-3 में देर रात भीषण आग लगने से एक गरीब विधवा का परिवार संकट में आ गया। अगलगी में घर में बंधी दो बकरियां और 25 मुर्गियां जलकर मर गईं, जबकि दो गाय बुरी तरह झुलस गईं। घर में रखा अनाज और कपड़ा भी जलकर नष्ट हो गया। घटना के समय महिला घर में सो रही थी। ग्रामीणों ने उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। पशुपालन से चलता था परिवार का गुजारा पीड़िता मेहरुन निसा, पति स्वर्गीय सजेबुल रहमान ने शनिवार शाम थाने में दिए आवेदन में बताया कि बीते देर रात उनके घर में अचानक आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि घर में रखा सामान और पशु इसकी चपेट में आ गए। स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था। मेहरुन निसा और उनके बेटे मुजाहिद आलम ने बताया कि परिवार की आजीविका पशुपालन पर निर्भर थी। आग में पशुओं के मरने और अन्य सामान नष्ट होने से परिवार के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने महिला को सुरक्षित बचाया आग लगने के समय मेहरुन निसा घर में सो रही थीं। आग की लपटें देखकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। राहत की बात यह रही कि इस घटना में महिला को कोई चोट नहीं आई। हालांकि, घर और पशुओं को हुए नुकसान से परिवार की आर्थिक स्थिति और खराब हो गई है। अंचल कर्मचारी ने किया नुकसान का आकलन घटना की सूचना मिलने के बाद शनिवार को अंचल के कर्मचारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और नुकसान की जानकारी जुटाई। पीड़िता ने प्रशासन से घटना की जांच कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है। बहादुरगंज के अंचल अधिकारी आशीष कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही अंचल कर्मचारी को मौके पर भेजा गया था। मामले की रिपोर्ट तैयार कर ली गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है। किशनगंज के बहादुरगंज प्रखंड की मोहम्मदनगर पंचायत के बालूवाड़ी वार्ड नंबर-3 में देर रात भीषण आग लगने से एक गरीब विधवा का परिवार संकट में आ गया। अगलगी में घर में बंधी दो बकरियां और 25 मुर्गियां जलकर मर गईं, जबकि दो गाय बुरी तरह झुलस गईं। घर में रखा अनाज और कपड़ा भी जलकर नष्ट हो गया। घटना के समय महिला घर में सो रही थी। ग्रामीणों ने उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। पशुपालन से चलता था परिवार का गुजारा पीड़िता मेहरुन निसा, पति स्वर्गीय सजेबुल रहमान ने शनिवार शाम थाने में दिए आवेदन में बताया कि बीते देर रात उनके घर में अचानक आग लग गई। आग इतनी भीषण थी कि घर में रखा सामान और पशु इसकी चपेट में आ गए। स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था। मेहरुन निसा और उनके बेटे मुजाहिद आलम ने बताया कि परिवार की आजीविका पशुपालन पर निर्भर थी। आग में पशुओं के मरने और अन्य सामान नष्ट होने से परिवार के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने महिला को सुरक्षित बचाया आग लगने के समय मेहरुन निसा घर में सो रही थीं। आग की लपटें देखकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। राहत की बात यह रही कि इस घटना में महिला को कोई चोट नहीं आई। हालांकि, घर और पशुओं को हुए नुकसान से परिवार की आर्थिक स्थिति और खराब हो गई है। अंचल कर्मचारी ने किया नुकसान का आकलन घटना की सूचना मिलने के बाद शनिवार को अंचल के कर्मचारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और नुकसान की जानकारी जुटाई। पीड़िता ने प्रशासन से घटना की जांच कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है। बहादुरगंज के अंचल अधिकारी आशीष कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही अंचल कर्मचारी को मौके पर भेजा गया था। मामले की रिपोर्ट तैयार कर ली गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।  

​

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *