इजराइली के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान को खुली चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि ईरान का मौजूदा शासन तब तक खतरा बना रहेगा जब तक उसे पूरी तरह से हटा नहीं दिया जाता।
नेतन्याहू ने कहा- ईरान शासन अब कमजोर हो चुका है, घुटनों पर है। लेकिन जब तक यह शासन जिंदा है, यह फिर से ताकत हासिल कर लेगा। इसे खत्म करने का एक ही तरीका है – इस शासन को गिराना होगा। हम इसे गिराकर ही दम लेंगे।
अखबार के दावे को नेतन्याहू ने बताया झूठा
इजराइली चैनल 7 को दिए गए एक इंटरव्यू में नेतन्याहू ने यह बयान दिया। साथ ही नेतन्याहू ने इंटरव्यू के दौरान फाइनेंशियल टाइम्स की उस खबर को भी पूरी तरह झूठा बताया। जिसमें दावा किया गया था कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस महीने की शुरुआत में ईरान पर इजराइली हमले को रोकने का आदेश दिया है।
‘मैं इस पक्षपाती रिपोर्टिंग को सही करने में नहीं पड़ूंगा’
नेतन्याहू ने इंटरव्यू के दौरान कहा- ट्रंप के आदेश वाली जानकारी सही नहीं है। लेकिन मैं इस पक्षपाती रिपोर्टिंग को सही करने में नहीं पड़ूंगा। उन्होंने इस मामले में और विस्तार से बात करने से साफ इनकार कर दिया।
गाजा पर भी नेतन्याहू ने दिया बयान
इंटरव्यू के दौरान नेतन्याहू ने गाजा को लेकर भी बयान दिया। उन्होंने कहा- मैंने अपने अमेरिकी दोस्तों से खुलकर कहा है कि आप कहते हैं कि आप कोई ऐसी अंतरराष्ट्रीय सेना ढूंढ सकते हैं जो आकर हमास के हथियार जब्त कर ले। तो जरूर, लाइए उसे।
उन्होंने लंबे समय तक ऐसी ताकत वाली सेना को ढूंढा, लेकिन कोई नहीं मिला। इसलिए, यह जिम्मेदारी हमें ही उठानी पड़ी है। यह काम हमें ही करना पड़ा है।
इजराइल-ईरान में लंबे समय से विवाद
बता दें कि इजराइल और ईरान के बीच तनाव लंबे समय से चला आ रहा है। दोनों देश अक्सर एक-दूसरे पर आरोप लगाते रहते हैं। दोनों की लड़ाई परमाणु कार्यक्रम को लेकर है।
ईरान परमाणु संपन्न देश बनना चाहता है, जिससे इजराइल पर खतरा बढ़ जाएगा। यही वजह है कि इजराइल उसे परमाणु बनाने से रोकने के लिए हर कदम उठाता है। नेतन्याहू और ट्रंप बार बार यह चुके हैं कि वह किसी भी कीमत पर ईरान को परमाणु नहीं बनाने देंगे।

