पलामू के छतरपुर थाना क्षेत्र के मुनकेरी गांव में आहर में डूबने से सगे भाई-बहन की मौत हो गई। मृतकों की पहचान रहमत अली की 12 वर्षीय पुत्री सना फैज्या और 10 वर्षीय पुत्र अवैस रजा के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, बच्चों के पिता रहमत अली परवाटांड़ स्थित अपने खेत में काम कर रहे थे। इसी दौरान दोनों बच्चे पास में स्थित आहर में नहाने चले गए। नहाने के दौरान अचानक पैर फिसल जाने से दोनों गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों ने बच्चों को पानी में डूबते देखा तो शोर मचाकर ग्रामीणों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण आहर के पास जुट गए और दोनों बच्चों को बाहर निकालने के लिए बचाव कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद निकाला ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों बच्चों को गहरे पानी से बाहर निकाला। इसके बाद परिजन उन्हें तत्काल छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल में चिकित्सकों ने दोनों की जांच की, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया। एक ही परिवार के दो बच्चों की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। घटना से पूरे मुनकेरी गांव में शोक की लहर दौड़ गयी। ग्रामीण भी इस दर्दनाक हादसे से सदमे में हैं। बताया गया कि बच्चे खेत में काम कर रहे अपने पिता के आसपास ही थे और इसी दौरान नहाने के लिए आहर की ओर चले गए थे। नहाने के क्रम में हुए इस हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। पुलिस अस्पताल पहुंची, शुरू की आवश्यक कानूनी कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही छतरपुर थाना पुलिस भी अस्पताल पहुंची। पुलिस ने मामले की जानकारी ली और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसे के बाद स्थानीय लोगों के बीच भी आहर जैसे गहरे जलस्रोतों को लेकर चिंता बढ़ गयी है। ग्रामीणों का कहना है कि जलस्रोतों में नहाने के दौरान विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है, क्योंकि गहरे पानी में अचानक पैर फिसलने से ऐसी घटनाएं जानलेवा साबित हो सकती हैं। इधर, पुलिस घटना से संबंधित आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने में जुटी है। सना फैज्या और अवैस रजा की मौत के बाद मुनकेरी गांव में गम का माहौल है। एक साथ भाई-बहन को खोने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। स्थानीय लोग भी पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं। पलामू के छतरपुर थाना क्षेत्र के मुनकेरी गांव में आहर में डूबने से सगे भाई-बहन की मौत हो गई। मृतकों की पहचान रहमत अली की 12 वर्षीय पुत्री सना फैज्या और 10 वर्षीय पुत्र अवैस रजा के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, बच्चों के पिता रहमत अली परवाटांड़ स्थित अपने खेत में काम कर रहे थे। इसी दौरान दोनों बच्चे पास में स्थित आहर में नहाने चले गए। नहाने के दौरान अचानक पैर फिसल जाने से दोनों गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों ने बच्चों को पानी में डूबते देखा तो शोर मचाकर ग्रामीणों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण आहर के पास जुट गए और दोनों बच्चों को बाहर निकालने के लिए बचाव कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद निकाला ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों बच्चों को गहरे पानी से बाहर निकाला। इसके बाद परिजन उन्हें तत्काल छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल में चिकित्सकों ने दोनों की जांच की, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया। एक ही परिवार के दो बच्चों की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। घटना से पूरे मुनकेरी गांव में शोक की लहर दौड़ गयी। ग्रामीण भी इस दर्दनाक हादसे से सदमे में हैं। बताया गया कि बच्चे खेत में काम कर रहे अपने पिता के आसपास ही थे और इसी दौरान नहाने के लिए आहर की ओर चले गए थे। नहाने के क्रम में हुए इस हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। पुलिस अस्पताल पहुंची, शुरू की आवश्यक कानूनी कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही छतरपुर थाना पुलिस भी अस्पताल पहुंची। पुलिस ने मामले की जानकारी ली और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसे के बाद स्थानीय लोगों के बीच भी आहर जैसे गहरे जलस्रोतों को लेकर चिंता बढ़ गयी है। ग्रामीणों का कहना है कि जलस्रोतों में नहाने के दौरान विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है, क्योंकि गहरे पानी में अचानक पैर फिसलने से ऐसी घटनाएं जानलेवा साबित हो सकती हैं। इधर, पुलिस घटना से संबंधित आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने में जुटी है। सना फैज्या और अवैस रजा की मौत के बाद मुनकेरी गांव में गम का माहौल है। एक साथ भाई-बहन को खोने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। स्थानीय लोग भी पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं।

