अररिया कृषि विज्ञान केंद्र, अररिया में गुरुवार को स्वच्छता पखवाड़े की शुरुआत की गई। 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलने वाले इस पखवाड़े का शुभारंभ स्वच्छता शपथ के साथ हुआ। कार्यक्रम का नेतृत्व कृषि विज्ञान केंद्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. राजीव सिंह ने किया, जबकि डॉ. संजीत कुमार ने उपस्थित लोगों को स्वच्छता की शपथ दिलाई। काम की जगह से घर तक स्वच्छता का संकल्प कार्यक्रम का उद्देश्य कृषि विज्ञान केंद्र के कर्मचारियों, किसानों और रावे के छात्र-छात्राओं में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण के निर्माण में सामूहिक भागीदारी सुनिश्चित करना रहा। कार्यक्रम में 28 किसानों, 10 कर्मचारियों तथा रावे के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शपथ के दौरान प्रतिभागियों ने अपने कार्यस्थल, घर और आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने का संकल्प लिया। साथ ही, अन्य लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने की बात कही। स्वस्थ समाज के लिए जरूरी है स्वच्छता कार्यक्रम में स्वच्छता के महत्व पर चर्चा करते हुए बताया गया कि इसका संबंध केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य से नहीं है। स्वच्छता स्वस्थ समाज, पर्यावरण संरक्षण, कार्यक्षमता और बेहतर जीवन-स्तर से भी जुड़ी है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने में किसानों और कृषि विज्ञान केंद्रों की महत्वपूर्ण भूमिका बताई गई। कचरा प्रबंधन पर रहेगा जोर पखवाड़े के दौरान किसानों तक स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, जैविक कचरे के उचित निपटान और स्वच्छ कृषि वातावरण का संदेश पहुंचाया जाएगा। केंद्र परिसर की सफाई के साथ जागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। किसानों और ग्रामीण समुदाय के बीच स्वच्छता संदेश पहुंचाने तथा सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देने पर जोर रहेगा। कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों ने “स्वच्छ परिसर, स्वस्थ समाज और स्वच्छ भारत” का संकल्प लिया। अधिकारियों ने स्वच्छता को रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। किसानों, कर्मचारियों और रावे के छात्र-छात्राओं की सक्रिय भागीदारी से स्वच्छता पखवाड़े के आयोजन को लेकर उत्साह का माहौल बना। अररिया कृषि विज्ञान केंद्र, अररिया में गुरुवार को स्वच्छता पखवाड़े की शुरुआत की गई। 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलने वाले इस पखवाड़े का शुभारंभ स्वच्छता शपथ के साथ हुआ। कार्यक्रम का नेतृत्व कृषि विज्ञान केंद्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. राजीव सिंह ने किया, जबकि डॉ. संजीत कुमार ने उपस्थित लोगों को स्वच्छता की शपथ दिलाई। काम की जगह से घर तक स्वच्छता का संकल्प कार्यक्रम का उद्देश्य कृषि विज्ञान केंद्र के कर्मचारियों, किसानों और रावे के छात्र-छात्राओं में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण के निर्माण में सामूहिक भागीदारी सुनिश्चित करना रहा। कार्यक्रम में 28 किसानों, 10 कर्मचारियों तथा रावे के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शपथ के दौरान प्रतिभागियों ने अपने कार्यस्थल, घर और आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने का संकल्प लिया। साथ ही, अन्य लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने की बात कही। स्वस्थ समाज के लिए जरूरी है स्वच्छता कार्यक्रम में स्वच्छता के महत्व पर चर्चा करते हुए बताया गया कि इसका संबंध केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य से नहीं है। स्वच्छता स्वस्थ समाज, पर्यावरण संरक्षण, कार्यक्षमता और बेहतर जीवन-स्तर से भी जुड़ी है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने में किसानों और कृषि विज्ञान केंद्रों की महत्वपूर्ण भूमिका बताई गई। कचरा प्रबंधन पर रहेगा जोर पखवाड़े के दौरान किसानों तक स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, जैविक कचरे के उचित निपटान और स्वच्छ कृषि वातावरण का संदेश पहुंचाया जाएगा। केंद्र परिसर की सफाई के साथ जागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। किसानों और ग्रामीण समुदाय के बीच स्वच्छता संदेश पहुंचाने तथा सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देने पर जोर रहेगा। कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों ने “स्वच्छ परिसर, स्वस्थ समाज और स्वच्छ भारत” का संकल्प लिया। अधिकारियों ने स्वच्छता को रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। किसानों, कर्मचारियों और रावे के छात्र-छात्राओं की सक्रिय भागीदारी से स्वच्छता पखवाड़े के आयोजन को लेकर उत्साह का माहौल बना।

