जहानाबाद में दो अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें से एक को पटना के पीएमसीएच रेफर किया गया है, जबकि दूसरे का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है। पहली घटना में, मखदुमपुर थाना क्षेत्र के फतेहपुर गांव निवासी सुगा कुमार अपनी मोटरसाइकिल से कंसारा जा रहे थे। महमदपुर गांव के पास विपरीत दिशा से आ रही एक ऑटो ने उनकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में सुगा कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें उनके परिजनों ने इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। गड्ढे में मोटरसाइकिल गिरी
दूसरी घटना शहर के पाठक टोली में हुई, जहां पुरुषोत्तम कुमार अपनी मोटरसाइकिल से जा रहे थे। सड़क पर नाला निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढे में उनकी मोटरसाइकिल गिर गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों ने उन्हें सदर अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें पीएमसीएच पटना रेफर कर दिया। जिले में लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिसका मुख्य कारण तेज रफ्तार से वाहन चलाना है। परिवहन विभाग द्वारा सड़क सुरक्षा अभियान चलाकर चालकों की नेत्र जांच और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद वाहन चालकों में सुधार नहीं दिख रहा है, जिससे ऐसी घटनाएं लगातार हो रही हैं। जहानाबाद में दो अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें से एक को पटना के पीएमसीएच रेफर किया गया है, जबकि दूसरे का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा है। पहली घटना में, मखदुमपुर थाना क्षेत्र के फतेहपुर गांव निवासी सुगा कुमार अपनी मोटरसाइकिल से कंसारा जा रहे थे। महमदपुर गांव के पास विपरीत दिशा से आ रही एक ऑटो ने उनकी मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में सुगा कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें उनके परिजनों ने इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। गड्ढे में मोटरसाइकिल गिरी
दूसरी घटना शहर के पाठक टोली में हुई, जहां पुरुषोत्तम कुमार अपनी मोटरसाइकिल से जा रहे थे। सड़क पर नाला निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढे में उनकी मोटरसाइकिल गिर गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों ने उन्हें सदर अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें पीएमसीएच पटना रेफर कर दिया। जिले में लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिसका मुख्य कारण तेज रफ्तार से वाहन चलाना है। परिवहन विभाग द्वारा सड़क सुरक्षा अभियान चलाकर चालकों की नेत्र जांच और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद वाहन चालकों में सुधार नहीं दिख रहा है, जिससे ऐसी घटनाएं लगातार हो रही हैं।


