पटना| बिहार म्यूजियम और पटना म्यूजियम को जोड़ने वाली अंडरग्राउंड टनल की खुदाई रविवार से होगी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार टनल बोरिंग मशीन का बटन दबाकर इसकी शुरुआत करेंगे। करीब 1.5 किमी लंबी इस टनल का निर्माण नगर विकास विभाग की पहल पर हो रहा है। छह महीने में पूरा करने का लक्ष्य है। यह सुरंग केवल आवागमन का माध्यम नहीं होगी, बल्कि एक अनोखी कला वीथिका के तौर पर विकसित होगी। इसकी दीवारों पर मधुबनी पेंटिंग, भित्तिचित्र और राज्य की विरासत से जुड़ी कलाकृतियों का प्रदर्शन किया जाएगा। टनल पूरी तरह वातानुकूलित होगी। इसके दोनों सिरों पर लिफ्ट की व्यवस्था रहेगी। पैदल चलने वालों के लिए सीढ़ियां और पैदल पथ भी बनाए जाएंगे। बैटरी चालित गोल्फ कार भी चलेगी। }करीब 16.5 मीटर गहरी खुदाई होगी। क्रॉसिंग प्वाइंट पर मेट्रो की सुरंग करीब 29 मीटर नीचे से गुजरेगी। दोनों सुरंगों के बीच करीब 6.5 मीटर की दूरी रहेगी। पटना| बिहार म्यूजियम और पटना म्यूजियम को जोड़ने वाली अंडरग्राउंड टनल की खुदाई रविवार से होगी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार टनल बोरिंग मशीन का बटन दबाकर इसकी शुरुआत करेंगे। करीब 1.5 किमी लंबी इस टनल का निर्माण नगर विकास विभाग की पहल पर हो रहा है। छह महीने में पूरा करने का लक्ष्य है। यह सुरंग केवल आवागमन का माध्यम नहीं होगी, बल्कि एक अनोखी कला वीथिका के तौर पर विकसित होगी। इसकी दीवारों पर मधुबनी पेंटिंग, भित्तिचित्र और राज्य की विरासत से जुड़ी कलाकृतियों का प्रदर्शन किया जाएगा। टनल पूरी तरह वातानुकूलित होगी। इसके दोनों सिरों पर लिफ्ट की व्यवस्था रहेगी। पैदल चलने वालों के लिए सीढ़ियां और पैदल पथ भी बनाए जाएंगे। बैटरी चालित गोल्फ कार भी चलेगी। }करीब 16.5 मीटर गहरी खुदाई होगी। क्रॉसिंग प्वाइंट पर मेट्रो की सुरंग करीब 29 मीटर नीचे से गुजरेगी। दोनों सुरंगों के बीच करीब 6.5 मीटर की दूरी रहेगी।


