कांटाटोली – सिरमटोली कनेक्टिंग फ्लाईओवर का 45% काम पूरा हो गया है। बहुबाजार की ओर से पिलर का काम हो गया है। गर्डर चढ़ाकर उसके ऊपर ढ़लाई की तैयारी की जा रही है। जबकि, सिरमटोली चौक की ओर अभी पिलर का ही काम हुआ है। सिंगल पिलर पर बन रहे करीब 1.25 किमी. लंबे फ्लाईओवर के किनारे सर्विस रोड बनाने के लिए रैयती जमीन भी ली जा रही है। चार वार्डों में करीब 2.23 एकड़ जमीन के अधिग्रहण की अधिसूचना जारी कर दी गई है। हालांकि, अधिकतर रैयत अधिग्रहण के विरोध में हैं, इसलिए वे मुआवजा लेने के लिए दावा नहीं कर रहे हैं। इसे देखते हुए जिला भू अर्जन पदाधिकारी ने वार्ड नं. -4 में एसपीजी मिशन के एक प्लॉट, वार्ड-5 में एसपीजी और जीईएल मिशन के पांच प्लॉट में 39 डिसमिल जमीन, वार्ड 6 में 8 रैयतों की करीब 87 डिसमिल जमीन, इसके अलावा कोणका मौजा में एक प्लॉट और सिरम मौजा में कुल 19 प्लॉट में 97 डिसमिल जमीन का अधिग्रहण किया गया है। लेकिन एक भी रैयत मुआवजा लेने आगे नहीं आए। इसे देखते हुए प्रशासन ने रैयतों को अंतिम नोटिस जारी कर 10 मई तक मुआवजा के लिए आवेदन देने का निर्देश दिया है, नहीं तो राशि सरकारी खजाने में जमा करा दी जाएगी। रैंप को बिना बाधित किए दोनों किनारों से जुड़ेगा फ्लाईओवर कांटाटोली-सिरमटोली कनेक्टिंग फ्लाईओवर का 45% काम पूरा कनेक्टिंग फ्लाईओवर पर चढ़ने के लिए वाहनों को बदलना होगा लेन कांटाटोली और सिरमटोली फ्लाईओवर से कनेक्टिंग फ्लाईओवर पर चढ़ने के लिए दोनों ओर के वाहन सवारों को अपना लेन बदलना होगा। क्योंकि, दोनों फ्लाईओवर के रैंप के बगल से कनेक्टिंग फ्लाईओवर का लेन जुड़ेगा। ऐसे में लेन बदलने के बाद वाहन सवार सीधे ऊपर-ऊपर मूवमेंट कर स्केंगे। इसका सबसे बड़ा फायदा होगा कि रांची को करीब 8 किमी लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर की सौगात मिल जाएगी। क्योंकि, कांटाटोली और सिरमटोली फ्लाईओवर की लंबाई करीब 6.50 किमी है। कनेक्टिंग फ्लाईओवर के बनने से सिरमटोली चौक भी पूरी तरह जाम मुक्त हो जाएगा। साथ ही रेलवे स्टेशन जाने वालों को भी काफी सुविधा होगी। कनेक्टिंग फ्लाईओवर भी रांची में इंजीनियरिंग का उद्भूत नजारा पेश करेगा। क्योंकि, कांटाटोली और सिरमटोली फ्लाईओवर को जोड़ने के लिए कनेक्टिंग फ्लाईओवर बन रहा है, लेकिन यह फ्लाईओवर दोनों फ्लाईओवर के रैंप से नहीं जुड़ेगा। दरअसल, इसका डिजायन इस तरह तैयार किया गया है कि कांटाटोली और सिरमटोली फ्लाईओवर के रैंप के बगल से दो-दो लेन में यह फ्लाईओवर जुड़ेगा। ऐसे में दोनों फ्लाईओवर के मौजूदा रैंप से मिले बिना यह फ्लाईओवर एक-दूसरे से जुड़ जाएगा। रैंप भी अभी की तरह काम करते रहेंगे। कांटाटोली से बहुबाजार और मेकॉन से सिरमटोली के पास उतरने वाले वाहन अभी की तरह ही उतरेंगे। कनेक्टिंग फ्लाईओवर के ऊपर से दोनों ओर के ट्रैफिक का मूवमेंट आसानी से होगा।


