Special Officer की निगरानी में चलेंगे AITC के HDFC Bank खाते, Calcutta High Court ने बढ़ाई मियाद

Special Officer की निगरानी में चलेंगे AITC के HDFC Bank खाते, Calcutta High Court ने बढ़ाई मियाद

कलकत्ता हाई कोर्ट ने ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (AITC) के तीन HDFC बैंक अकाउंट्स से जुड़े अपने अंतरिम आदेश को 29 जनवरी, 2027 तक बढ़ा दिया है। इससे पार्टी को अपनी संगठनात्मक पहचान और कंट्रोल को लेकर चल रहे विवाद के बीच राहत मिली है। जस्टिस सौगत भट्टाचार्य ने AITC की ओर से दायर उस याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया, जिसमें तीन बैंक अकाउंट्स को ऑपरेट करने की इजाज़त मांगी गई थी। 9 जुलाई को कोर्ट ने अकाउंट्स के कामकाज की देखरेख के लिए एक स्पेशल ऑफिसर नियुक्त किया था। इस व्यवस्था के तहत, पार्टी की ओर से जारी किए गए चेक पर दो अधिकृत हस्ताक्षरकर्ताओं (ऑथराइज़्ड सिग्नेटरीज) के हस्ताक्षर होने ज़रूरी हैं। इसके बाद, स्पेशल ऑफिसर को बैंक में पेमेंट के लिए चेक जमा करने से पहले उनकी जांच करनी होती है।

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कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच के दौरान खाते फ्रीज़ किए जाने के बाद यह अंतरिम व्यवस्था लागू की गई थी। कोलकाता की सेंट्रल प्लाज़ा शाखा में AITC के तीन HDFC बैंक खाते भी उन खातों में शामिल थे जिन्हें फ्रीज़ किया गया था। कलकत्ता हाई कोर्ट ने पहले पार्टी के रोज़मर्रा के खर्चों के लिए कोर्ट द्वारा नियुक्त स्पेशल ऑफिसर की देखरेख में इन खातों को चलाने की अनुमति दी थी। इस व्यवस्था का मकसद यह तय किए बिना कि पार्टी पर किस गुट का असली हक है, ज़रूरी वित्तीय लेन-देन को आसान बनाना था। यह घटनाक्रम AITC के अंदरूनी विवाद के बीच हुआ है, जिसमें भारत का चुनाव आयोग (ECI) पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न के इस्तेमाल को लेकर कदम उठा रहा है। आयोग ने पार्टी की पहचान और प्रतिनिधित्व को लेकर विरोधी गुटों के दावों पर 17 सितंबर को सुनवाई की थी।

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 खबरों के मुताबिक, ECI ने गुटों के बीच विवाद पर विचार किए जाने तक अंतरिम उपाय के तौर पर AITC के नाम और उसके आरक्षित चुनाव चिह्न के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। बैंक खातों के बारे में कोर्ट का आदेश खातों के संचालन पर केंद्रित है और पार्टी के नाम के अंतिम मालिकाना हक को तय नहीं करता है। अब इस मामले पर 29 जनवरी, 2027 को आगे विचार किया जाएगा।

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