सिटी रिपोर्टर| बेगूसराय जिले में उद्योग विभाग द्वारा संचालित विभिन्न स्वरोजगार और उद्यमिता आधारित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा को लेकर गुरुवार को उद्योग टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी श्रीकांत शास्त्री ने की। इस दौरान प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, मुख्यमंत्री सूक्ष्म उद्यमी योजना सहित अन्य योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।बैठक में डीएम ने संबंधित विभागीय पदाधिकारियों और बैंक प्रतिनिधियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि योजनाओं के पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध तरीके से ऋण स्वीकृति और वितरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि निर्धारित लक्ष्यों की शत-प्रतिशत उपलब्धि हासिल की जा सके। उन्होंने कहा कि अनावश्यक देरी या प्रक्रिया में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने बताया कि बिहार सरकार के उद्योग विभाग के निर्देश पर जिले में केंद्र सरकार की विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं के लक्ष्यों की पूर्ति के लिए 6 फरवरी को कारगिल विजय सभा भवन में विशेष “ऋण स्वीकृति एवं वितरण मेगा कैंप” का आयोजन किया जाएगा। यह मेगा कैंप जिले के युवाओं, महिला उद्यमियों और संभावित उद्यमियों को स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में एक अहम पहल साबित होगा। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा और आत्मनिर्भरता की दिशा में ठोस कदम उठाया जा सकेगा। कैंप के दौरान वित्तीय वर्ष 2025–26 के अंतर्गत चयनित लाभार्थियों को प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के तहत ऋण स्वीकृति पत्र एवं वितरण पत्र प्रदान किए जाएंगे। डीएम ने सभी बैंकों के अंचल प्रबंधक, क्षेत्रीय प्रबंधक, जिला समन्वयक और शाखा प्रबंधकों को निर्देश दिया कि वे संबंधित लाभार्थियों के साथ अनिवार्य रूप से मेगा कैंप में उपस्थित रहें। इससे स्वीकृत ऋण आवेदनों की प्रक्रिया, पत्र वितरण और भुगतान कार्य स्थल पर ही सुचारु रूप से संपन्न कराया जा सके। सिटी रिपोर्टर| बेगूसराय जिले में उद्योग विभाग द्वारा संचालित विभिन्न स्वरोजगार और उद्यमिता आधारित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा को लेकर गुरुवार को उद्योग टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी श्रीकांत शास्त्री ने की। इस दौरान प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, मुख्यमंत्री सूक्ष्म उद्यमी योजना सहित अन्य योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।बैठक में डीएम ने संबंधित विभागीय पदाधिकारियों और बैंक प्रतिनिधियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि योजनाओं के पात्र लाभार्थियों को समयबद्ध तरीके से ऋण स्वीकृति और वितरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि निर्धारित लक्ष्यों की शत-प्रतिशत उपलब्धि हासिल की जा सके। उन्होंने कहा कि अनावश्यक देरी या प्रक्रिया में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने बताया कि बिहार सरकार के उद्योग विभाग के निर्देश पर जिले में केंद्र सरकार की विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं के लक्ष्यों की पूर्ति के लिए 6 फरवरी को कारगिल विजय सभा भवन में विशेष “ऋण स्वीकृति एवं वितरण मेगा कैंप” का आयोजन किया जाएगा। यह मेगा कैंप जिले के युवाओं, महिला उद्यमियों और संभावित उद्यमियों को स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में एक अहम पहल साबित होगा। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को बढ़ावा मिलेगा और आत्मनिर्भरता की दिशा में ठोस कदम उठाया जा सकेगा। कैंप के दौरान वित्तीय वर्ष 2025–26 के अंतर्गत चयनित लाभार्थियों को प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम उन्नयन योजना और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के तहत ऋण स्वीकृति पत्र एवं वितरण पत्र प्रदान किए जाएंगे। डीएम ने सभी बैंकों के अंचल प्रबंधक, क्षेत्रीय प्रबंधक, जिला समन्वयक और शाखा प्रबंधकों को निर्देश दिया कि वे संबंधित लाभार्थियों के साथ अनिवार्य रूप से मेगा कैंप में उपस्थित रहें। इससे स्वीकृत ऋण आवेदनों की प्रक्रिया, पत्र वितरण और भुगतान कार्य स्थल पर ही सुचारु रूप से संपन्न कराया जा सके।


