रामपुर में बेटियों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी के निर्देश पर मिशन शक्ति 5.0 के तहत कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, पहाड़ी गेट में छात्राओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को शारीरिक रूप से मजबूत बनाने के साथ-साथ उन्हें मानसिक रूप से सजग और आत्मविश्वासी बनाना था। प्रशिक्षण में बालिकाओं को विभिन्न आत्मरक्षा तकनीकों का अभ्यास कराया गया, जिससे वे आपात स्थिति में अपनी सुरक्षा कर सकें। प्रशिक्षण के दौरान छात्राओं को ‘गुड टच’ और ‘बैड टच’ के बारे में भी विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने उन्हें सही और गलत व्यवहार की पहचान करने तथा किसी भी असहज स्थिति में तुरंत प्रतिक्रिया देने के तरीके समझाए। जेंडर स्पेशलिस्ट श्रीमती अंजू शर्मा और श्रीमती निदा जैदी ने छात्राओं को जागरूक करते हुए बताया कि आत्मरक्षा केवल शारीरिक शक्ति नहीं, बल्कि सही समय पर सही निर्णय लेने की क्षमता भी है। उन्होंने छात्राओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और किसी भी समस्या पर निडर होकर आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया। विद्यालय के प्राध्यापकगण भी इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे और उन्होंने छात्राओं को प्रशिक्षण में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया। ऐसे कार्यक्रम छात्राओं में आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें समाज में सुरक्षित और सशक्त जीवन जीने के लिए तैयार करते हैं। प्रशासन की यह पहल बेटियों को मजबूत बनाने की दिशा में एक सकारात्मक कदम मानी जा रही है।


