Ghaziabad Crime News: गाजियाबाद के डीएलएफ एमएम रोड इलाके में मंगलवार दोपहर एक घरेलू झगड़ा इतना खतरनाक हो गया कि उसमें एक महिला की जान चली गई और उसकी बेटी गंभीर रूप से घायल हो गई। यह घटना अंकुर विहार थाना क्षेत्र में हुई। पुताई का काम करने वाले घनश्याम ने अपनी पत्नी मीनू (उम्र 50 साल) पर चाकू से हमला कर दिया। उसने मीनू को कई बार चाकू मारकर उसकी हत्या कर दी। जब छोटी बेटी हिमांशी मां को बचाने आई, तो घनश्याम ने उस पर भी चाकू से वार कर दिया। हिमांशी को पेट में गंभीर चोट लगी। घटना के बाद घनश्याम ने खुद पुलिस को फोन करके सूचना दी। फिर उसने अपना मोबाइल बंद कर दिया और फरार हो गया।
पुलिस को मिली सूचना
एसीपी ज्ञान प्रकाश राय के अनुसार, दोपहर करीब 3:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम को फोन आया। पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। वहां मीनू और हिमांशी को खून से लथपथ हालत में पाया गया। दोनों को फौरन पास के 50 बेड वाले अस्पताल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने मीनू को बचाने की बहुत कोशिश की, लेकिन उसकी मौत हो गई। हिमांशी की हालत बहुत गंभीर थी, इसलिए उसे दिल्ली के जीटीबी अस्पताल रेफर कर दिया गया। उसके पेट पर चाकू के गहरे जख्म हैं।
परिवार के बारे में जानकारी
मीनू मूल रूप से राजस्थान की रहने वाली थीं। वे पति घनश्याम, बड़ी बेटी भावना, छोटी बेटी हिमांशी और बेटे दिवांग के साथ इस फ्लैट में रहती थीं। बड़ी बेटी भावना दिल्ली के बुराड़ी इलाके में नौकरी करती है और उस समय वह अपने ऑफिस में थी। घर पर सिर्फ हिमांशी और दिवांग मौजूद थे। हिमांशी ग्रेजुएशन के दूसरे साल की छात्रा है।
विवाद का कारण
पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला है कि घनश्याम को अपनी पत्नी पर शक था। इसी शक की वजह से दोनों के बीच अक्सर झगड़े होते रहते थे। एसीपी ने कहा कि आरोपी घनश्याम की गिरफ्तारी के बाद ही सही कारण पूरी तरह सामने आएंगे। अभी पुलिस की कई टीमें उसकी तलाश में जुटी हुई हैं।
हिमांशी का बयान
पुलिस को दिए अपने बयान में हिमांशी ने बताया कि पिता मां के साथ मारपीट कर रहे थे। अचानक उन्होंने चाकू निकाला और मां पर लगातार वार करने लगे। जैसे ही पहला वार हुआ, हिमांशी मां से लिपट गई और जान बचाने की गुहार लगाने लगी। लेकिन घनश्याम रुकने का नाम नहीं ले रहा था। जब हिमांशी ने चाकू पकड़ने की कोशिश की, तो आरोपी ने उसके पेट में भी चाकू घोंप दिया। इससे वह जमीन पर गिर पड़ी।


