पंजाब के मोगा जिले में कुछ अज्ञात लोगों द्वारा की गई गोलीबारी में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन घायल हो गए। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, अज्ञात हमलावर रविवार शाम करीब सात बजे एक काले रंग की एसयूवी में आए और पीड़ितों पर कई गोलियां चलाईं।
पुलिस को संदेह है कि यह घटना दोनों पक्षों के बीच पुरानी रंजिश का नतीजा हो सकती है। पुलिस ने पीड़ितों के परिवारों की शिकायत के आधार पर पांच लोगों को गिरफ्तार किया है, लेकिन हमलावर अभी पकड़े नहीं गए हैं। पटियाला में पत्रकारों से बातचीत में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि गोलीबारी में शामिल लोगों को ऐसी सजा दी जाएगी, जो दूसरों के लिए एक मिसाल बनेगी।
पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने सोमवार को घटनास्थल का निरीक्षण किया। मोगा में पत्रकारों से बातचीत में यादव ने बताया कि साहिल जिंदल अपने 4-5 दोस्तों के साथ बैठा था, तभी कुछ अज्ञात लोग एक कार में आए और उन पर गोलियां चला दीं। डीजीपी ने बताया कि गोली लगने से पांच लोग घायल हुए थे, जिनमें से साहिल जिंदल और गगनदीप सिंह की मौत हो गई।
उन्होंने बताया कि पुलिस ने मौके से प्वॉइंट30 बोर और नौ-एमएम के छह कारतूस बरामद किए। पुलिस ने मोगा के सिटी साउथ थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103 (हत्या) और 109 (हत्या का प्रयास) सहित संबंधित धाराओं तथा शस्त्र अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। पीड़ितों के परिजन की शिकायत पर पुनीत गाबा, किरनपाल सिंह, तेजिंदर सिंह, बलजीत कौर और जीवन सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
डीजीपी ने कहा कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है और हमलावरों के साथ ही अपराध में उनका साथ देने वालों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। घटना के कारण के बारे में डीजीपी ने कहा कि शुरुआती जांच में पुरानी रंजिश की बात सामने आई है, लेकिन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। विपक्षी दलों ने आरोप लगाया कि राज्य में आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार के तहत कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश प्रमुख केवल सिंह ढिल्लों ने कहा कि मोगा में गोलीबारी की घटना कोई इकलौती घटना नहीं है, बल्कि पंजाब सरकार की पूरी तरह विफलता का सबूत है। ढिल्लों ने आरोप लगाया, ‘‘पंजाब में आज हालात ऐसे हो गए हैं कि लोग अपने घरों से बाहर निकलने में भी डरने लगे हैं। माताएं अपने बच्चों को बाहर भेजने से डरती हैं, व्यापारी अपनी दुकानें खोलने को लेकर आशंकित हैं और आम पंजाबी अपने ही राज्य में असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।’’
कांग्रेस नेता प्रताप सिंह बाजवा ने भी इस घटना को लेकर आप सरकार की आलोचना की।
बाजवा ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘पंजाब में मुख्यमंत्री और गृह मंत्री काम नहीं कर रहे हैं। भगवंत मान के शासन में पंजाबी और उनके परिवार अपराध के कारण अपने प्रियजनों को खो रहे हैं।’’
शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने भी मोगा की घटना को लेकर राज्य सरकार की आलोचना की।

