सूबे के अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण विभाग के मंत्री लखेंद्र कुमार रोशन मंगलवार रात सहरसा सर्किट हाउस पहुंचे। उनके आगमन पर भारतीय जनता पार्टी के पूर्व विधायक डॉ. आलोक रंजन सहित पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। मंत्री रोशन ने मीडिया को बताया कि बुधवार को सहरसा में कोशी प्रमंडल स्तरीय समीक्षा बैठक होगी। इसमें सहरसा, मधेपुरा और सुपौल जिलों के जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक शामिल होंगे। बैठक में अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण विभाग की विकास व कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की जाएगी। अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी
उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की प्राथमिकता है कि योजनाओं का लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचे। मंत्री ने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। यूजीसी से जुड़े विरोध के मामले पर मंत्री रोशन ने कहा कि इस मुद्दे पर किसी को गिरफ्तार करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने बताया कि भारत सरकार के शिक्षा मंत्री पहले ही इस विषय पर अपना पक्ष रख चुके हैं। अनुसूचित जाति-जनजाति छात्रावास का निरीक्षण
मंत्री ने जोर दिया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सबका साथ, सबका विकास’ संकल्प के अनुरूप, समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक रूप से मुख्यधारा से जोड़ना एनडीए सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी आधार पर सरकार और आयोग काम कर रहे हैं, इसलिए यूजीसी मामले में किसी तरह की जबरदस्ती या कार्रवाई का सवाल नहीं उठता। मंत्री रोशन ने बताया कि मंगलवार को पूर्णिया में भी समीक्षा बैठक हुई थी। इस दौरान पूर्णिया के जानकीनगर स्थित अनुसूचित जाति-जनजाति छात्रावास का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में जीविका द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे भोजन में गंभीर अनियमितताएं और गुणवत्ता की भारी कमी पाई गई। करोड़ों रुपये का फंड उपलब्ध कराने के बावजूद सामने आई इस लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। नीतीश कुमार का लक्ष्य विकसित बिहार का निर्माण
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का लक्ष्य विकसित बिहार का निर्माण करना है। इसके लिए समाज के हर वर्ग का आर्थिक, सामाजिक और शैक्षणिक उत्थान आवश्यक है, और सरकार इस दिशा में पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। सूबे के अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण विभाग के मंत्री लखेंद्र कुमार रोशन मंगलवार रात सहरसा सर्किट हाउस पहुंचे। उनके आगमन पर भारतीय जनता पार्टी के पूर्व विधायक डॉ. आलोक रंजन सहित पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। मंत्री रोशन ने मीडिया को बताया कि बुधवार को सहरसा में कोशी प्रमंडल स्तरीय समीक्षा बैठक होगी। इसमें सहरसा, मधेपुरा और सुपौल जिलों के जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक शामिल होंगे। बैठक में अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण विभाग की विकास व कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की जाएगी। अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी
उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की प्राथमिकता है कि योजनाओं का लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक पहुंचे। मंत्री ने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी। यूजीसी से जुड़े विरोध के मामले पर मंत्री रोशन ने कहा कि इस मुद्दे पर किसी को गिरफ्तार करने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने बताया कि भारत सरकार के शिक्षा मंत्री पहले ही इस विषय पर अपना पक्ष रख चुके हैं। अनुसूचित जाति-जनजाति छात्रावास का निरीक्षण
मंत्री ने जोर दिया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सबका साथ, सबका विकास’ संकल्प के अनुरूप, समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों को सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक रूप से मुख्यधारा से जोड़ना एनडीए सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी आधार पर सरकार और आयोग काम कर रहे हैं, इसलिए यूजीसी मामले में किसी तरह की जबरदस्ती या कार्रवाई का सवाल नहीं उठता। मंत्री रोशन ने बताया कि मंगलवार को पूर्णिया में भी समीक्षा बैठक हुई थी। इस दौरान पूर्णिया के जानकीनगर स्थित अनुसूचित जाति-जनजाति छात्रावास का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में जीविका द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे भोजन में गंभीर अनियमितताएं और गुणवत्ता की भारी कमी पाई गई। करोड़ों रुपये का फंड उपलब्ध कराने के बावजूद सामने आई इस लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। नीतीश कुमार का लक्ष्य विकसित बिहार का निर्माण
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का लक्ष्य विकसित बिहार का निर्माण करना है। इसके लिए समाज के हर वर्ग का आर्थिक, सामाजिक और शैक्षणिक उत्थान आवश्यक है, और सरकार इस दिशा में पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है।


