सोशल मीडिया कंपनी मेटा प्लेटफॉर्म्स के लिए 2026 की सितंबर तिमाही कमाई के लिहाज से काफी अच्छी रही है। कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले साल के मुकाबले 264% बढ़कर 9.86 अरब डॉलर पहुंच गया है। फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप जैसी सेवाओं से जुड़े कारोबार में विज्ञापन की कमाई बढ़ने से कंपनी को फायदा हुआ है। हालांकि, कानूनी मामले से जुड़े भारी खर्च के कारण ऑपरेटिंग लाभ में गिरावट भी दर्ज की गई है।
मेटा ने बताया कि 30 सितंबर को समाप्त हुई तीसरी तिमाही में उसका कुल राजस्व 64.60 अरब डॉलर रहा, जो पिछले साल इसी अवधि के 51.24 अरब डॉलर से 26% अधिक है। कंपनी का शुद्ध लाभ एक साल पहले 2.71 अरब डॉलर था, जो अब बढ़कर 9.86 अरब डॉलर हो गया है। वहीं, प्रति शेयर कमाई भी 1.05 डॉलर से बढ़कर 3.83 डॉलर पहुंच गई है।
कंपनी की कुल कमाई में विज्ञापन की सबसे बड़ी भूमिका रही। सितंबर तिमाही में विज्ञापनों से 63.06 अरब डॉलर की आय हुई, जो सालाना आधार पर 26% ज्यादा है। मेटा के सभी प्रमुख ऐप पर विज्ञापन दिखाए जाने की संख्या में 10% की बढ़ोतरी हुई, जबकि हर विज्ञापन से मिलने वाली औसत कीमत 14% बढ़ गई। इससे साफ है कि कंपनी को ज्यादा विज्ञापन दिखाने के साथ-साथ उनकी बेहतर कीमत मिलने का भी फायदा हुआ है।
हालांकि, मेटा की ऑपरेटिंग कमाई पर कानूनी खर्च का बड़ा असर पड़ा। कंपनी का ऑपरेटिंग लाभ पिछले साल के 20.54 अरब डॉलर से घटकर 12.99 अरब डॉलर रह गया। इस दौरान कुल खर्च 68% बढ़कर 51.61 अरब डॉलर पहुंच गया। इसकी प्रमुख वजह अमेरिका के 52 राज्यों के अटॉर्नी जनरल के साथ हुए समझौते से जुड़ा 9.89 अरब डॉलर का कानूनी खर्च है। यह मामला सोशल मीडिया के इस्तेमाल और किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े मुकदमों को सुलझाने के लिए किया गया है।
कंपनी के मुताबिक, अगर इस कानूनी खर्च को अलग रखा जाए तो परिचालन लाभ 22.88 अरब डॉलर होता। इसी तरह, प्रति शेयर कमाई भी घोषित 3.83 डॉलर के बजाय 7.40 डॉलर होती। यानी कंपनी के मुख्य कारोबार का प्रदर्शन कानूनी खर्च के असर से बेहतर रहा है।
आने वाले महीनों के लिए भी मेटा ने मजबूत कमाई का अनुमान दिया है। कंपनी को उम्मीद है कि 2026 की चौथी तिमाही में उसका राजस्व 73 अरब से 76 अरब डॉलर के बीच रहेगा। वहीं, पूरे साल के खर्च का अनुमान बढ़ाकर 175 अरब से 179 अरब डॉलर कर दिया गया है। इसमें कानूनी खर्च भी शामिल है।
गौरतलब है कि मेटा अब एआई से जुड़े कामों पर भारी निवेश कर रही है। कंपनी ने 2026 के लिए पूंजीगत खर्च का अनुमान बढ़ाकर 135 अरब से 145 अरब डॉलर कर दिया है, जबकि पहले यह सीमा 130 अरब से 145 अरब डॉलर थी। इस रकम का इस्तेमाल एआई ढांचे और दूसरी कारोबारी जरूरतों पर किया जाएगा।
कंपनी के वित्त प्रमुख के अनुसार, एआई की मदद से ऐप पर लोगों की भागीदारी बढ़ रही है, सुझाव बेहतर हो रहे हैं और विज्ञापनों से कमाई के नए मौके बन रहे हैं। हालांकि, एआई मॉडल और ढांचे पर किए गए निवेश से पूरा लाभ मिलने में मुख्य कारोबार के मुकाबले ज्यादा समय लग सकता है। इसके बावजूद कंपनी को भरोसा है कि बेहतर तकनीक और नए उत्पाद 2027 तक राजस्व बढ़ाने में मदद करेंगे। फिलहाल मेटा अगले साल के बजट और निवेश की योजना पर काम कर रही है और एआई में लगातार निवेश जारी रखने की तैयारी में है।

