तमिलनाडु में 3 दिनों तक बंद रहेंगी शराब की दुकानें, स्टॉक करने की मची होड़: 20,000 उपद्रवी तत्वों पर नजर

तमिलनाडु में 3 दिनों तक बंद रहेंगी शराब की दुकानें, स्टॉक करने की मची होड़: 20,000 उपद्रवी तत्वों पर नजर

Dry Day in Tamil Nadu: तमिलनाडु विधानसभा चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए राज्य भर में TASMAC की सभी शराब दुकानें 21 से 23 अप्रैल तक तीन दिन बंद रहेंगी। चुनाव आयोग ने इस अवधि में पूर्ण शराब प्रतिबंध लागू करने के निर्देश दिए हैं।

चुनाव आयोग का सख्त आदेश

चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि 21 अप्रैल सुबह 10 बजे से मतदान वाले दिन यानी 23 अप्रैल आधी रात तक शराब की बिक्री पर पूरी तरह रोक रहेगी। इस दौरान किसी भी व्यक्ति या दुकान द्वारा अवैध रूप से शराब बेचने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारी चेतावनी दे रहे हैं कि कोई भी उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

शराब दुकानों के बंद होने की खबर फैलते ही उपभोक्ताओं में स्टॉक करने की होड़ मच गई है। कई इलाकों में TASMAC दुकानों के बाहर लंबी कतारें लगी हुई हैं।

20,000 उपद्रवी तत्वों पर नजर

चुनाव की सुरक्षा को लेकर तमिलनाडु पुलिस ने बड़ी तैयारी की है। राज्य भर में करीब 20,000 हिस्ट्रीशीटर और आदतन अपराधियों (रोडी) पर नजर रखी जा रही है। इन सभी को उनकी आपराधिक पृष्ठभूमि के आधार पर चार श्रेणियों- A+, A, B और C में बांटा गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, केवल चेन्नई में ही ऐसे करीब 4,000 व्यक्ति हैं, जिनमें से कई फरार चल रहे हैं। पुलिस को आशंका है कि चुनाव के दौरान ये लोग अपने इलाकों में घुसकर मतदान प्रभावित करने, हंगामा करने या मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश कर सकते हैं।

मतदान की तैयारियां

तमिलनाडु की 234 विधानसभा सीटों पर 23 अप्रैल को मतदान होगा। कुल 4,023 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। चुनाव आयोग ने मतदाताओं की सुविधा के लिए 75,097 मतदान केंद्र बनाए हैं, जिनमें अतिरिक्त मतदान केंद्र भी शामिल हैं। गर्मी के बावजूद राजनीतिक दल जोर-शोर से प्रचार अभियान चला रहे हैं। नेता सार्वजनिक सभाओं, रोडशो और घर-घर जाकर वोट मांग रहे हैं। अंतिम चरण का प्रचार तेज हो गया है।

सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद

पुलिस और प्रशासन ने सभी 234 सीटों पर व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। चुनाव आयोग के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के लिए विशेष निगरानी टीमें तैनात की गई हैं। शराब प्रतिबंध के साथ-साथ अन्य चुनावी नियमों का उल्लंघन रोकने के लिए भी सतर्कता बरती जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *