Dry Fruits in Vrat: नवरात्रि के पावन दिनों में बहुत से लोग उपवास रखते हैं। व्रत के दौरान शरीर में दिनभर ऊर्जा बनाए रखने और बार-बार लगने वाली भूख को शांत करने के लिए ड्राई फ्रूट्स यानी सूखे मेवे सबसे लोकप्रिय और बेहतरीन विकल्प माने जाते हैं। बादाम, अखरोट, काजू, मखाने और किशमिश जैसी चीजें न केवल खाने में स्वादिष्ट होती हैं, बल्कि ये शरीर को जरूरी पोषण भी देती हैं। लेकिन अक्सर लोग व्रत के नाम पर दिनभर मुट्ठी भर-भरकर ड्राई फ्रूट्स खाते रहते हैं या इन्हें ज्यादा तलकर-भूनकर सेवन करते हैं। मेवे भले ही सेहत के लिए बहुत फायदेमंद हों, लेकिन इन्हें गलत समय पर या जरूरत से ज्यादा खाने से पाचन बिगड़ सकता है और वजन भी तेजी से बढ़ सकता है। अगर आप भी नवरात्रि का व्रत रख रहे हैं, तो आइए जानते हैं कि उपवास के दौरान सही तरीके से dry fruits का सेवन कैसे और कितना करना चाहिए।
व्रत के दौरान ड्राई फ्रूट्स क्यों हैं जरूरी?
जब आप उपवास रखते हैं, तो शरीर को सामान्य दिनों की तरह भोजन से नियमित कैलोरी और कार्बोहाइड्रेट नहीं मिलते। ऐसे समय में ड्राई फ्रूट्स एक बेहतरीन स्नैक का काम करते हैं। हार्वर्ड टी.एच. चैन स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ (Harvard T.H. Chan School of Public Health) के अनुसार, ड्राई फ्रूट्स और नट्स (जैसे बादाम) में प्रोटीन, फाइबर, हेल्दी फैट्स, विटामिन और मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। ये पोषक तत्व आपके पेट को लंबे समय तक भरा रखते हैं, जिससे आपको बार-बार भूख नहीं लगती और शरीर में शुगर का लेवल अचानक से नहीं गिरता। इसके अलावा, मेवे खाने से दिनभर थकान और कमजोरी भी महसूस नहीं होती।
एक दिन में कितने ड्राई फ्रूट्स खाने चाहिए?
मेवे पोषक तत्वों का खजाना हैं, लेकिन इनमें कैलोरी की मात्रा काफी ज्यादा होती है। इसलिए व्रत में इन्हें खाते समय मात्रा (Portion Size) का ध्यान रखना बहुत जरूरी है;
- दिनभर में एक छोटी मुट्ठी (लगभग 28-30 ग्राम) मिक्स ड्राई फ्रूट्स ही खाएं।
- 5 से 6 भीगे हुए बादाम और 2 अखरोट की गिरियां रोजाना के लिए काफी हैं।
- एक से दो कटोरी भुने हुए मखाने आप दिनभर के स्नैक्स में आराम से ले सकते हैं।
- काजू में कैलोरी और फैट ज्यादा होता है, वहीं किशमिश में नेचुरल शुगर ज्यादा होती है। इसलिए इन्हें 4-5 दानों से ज्यादा न खाएं।
मेवे खाने का सही समय और तरीका क्या है?
चैन स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ के अनुसार, उपवास में ड्राई फ्रूट्स से पूरा पोषण पाने के लिए सही समय और तरीके से खाना जरूरी है;
- सुबह खाली पेट (Morning Routine)- दिन की शुरुआत चाय-कॉफी के बजाय रातभर पानी में भिगोए हुए बादाम और अखरोट से करें। भीगे हुए मेवे पचने में बेहद आसान होते हैं और इनके पोषक तत्व शरीर आसानी से सोख लेता है।
- दोपहर और शाम के स्नैक के रूप में (Mid-Day Snacking)- जब दोपहर या शाम के समय अचानक हल्की भूख लगे (Snack attack), तो उस समय तले-भुने आलू के चिप्स या साबूदाना पकोड़े खाने के बजाय एक मुट्ठी मखाने, बादाम या अखरोट खाएं। यह आपके पेट को शांत रखेगा और ऊर्जा बनाए रखेगा।
- फल या दही के साथ मिलाकर- अगर आप दोपहर में दही या ताजे फल खा रहे हैं, तो उसमें थोड़े से कटे हुए मेवे मिलाकर खाएं। इससे खाने का स्वाद भी बढ़ेगा और फाइबर व प्रोटीन का संतुलन बना रहेगा।
व्रत में ड्राई फ्रूट्स खाते समय न करें ये गलतियां
ज्यादा तलकर न खाएं- मखाने या काजू को बहुत ज्यादा घी में तलकर या भारी सेंधा नमक डालकर न खाएं। इससे मेवों का स्वास्थ्य लाभ कम हो जाता है और पेट में भारीपन या एसिडिटी हो सकती है। इन्हें हमेशा हल्का सूखा भूनकर (Dry Roast) ही खाएं।
एक साथ बहुत सारे मेवे न खाएं- एक ही बार में ढेर सारे ड्राई फ्रूट्स खाने से पाचन तंत्र पर असर पड़ता है। इन्हें दिनभर में थोड़ा-थोड़ा करके ही लें।
पैकेटबंद फ्राइड नट्स से बचें- बाजार में मिलने वाले डिब्बाबंद और फ्राइड मेवों में नमक और फैट बहुत ज्यादा होता है, जो व्रत में सेहत बिगाड़ सकता है। हमेशा सादे और प्राकृतिक मेवे ही चुनें।
सही स्नैकिंग से बनाएं व्रत को सेहतमंद
नवरात्रि व्रत का असली मकसद शरीर को संयम में रखना और उसे डिटॉक्स करना है। अगर आप उपवास में सही मात्रा में मेवे खाएंगे, तो आपको बार-बार अनहेल्दी चीजें खाने की लालसा नहीं होगी। अपनी भूख के संकेतों को समझें, सही समय पर एक मुट्ठी पोषक तत्वों से भरपूर ड्राई फ्रूट्स लें और भरपूर पानी पीते रहें। इस तरह आप बिना किसी थकान या पेट की समस्या के पूरे नौ दिन ऊर्जावान और स्वस्थ रहकर व्रत रख सकते हैं।

