Abhishek Sharma and Varun Chakravarthy: रविवार को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में टी20 वर्ल्डकप 2026 का खिताबी मुकाबला खेला जाएगा, जहां भारत और न्यूजीलैंड की टीमें आमने सामने होंगी। इस मैच से पहले टीम इंडिया को बड़े सबसे प्रमुख खिलाड़ी आउट ऑफ फॉर्म हैं। दोनों खिलाड़ी अपने अपने फील्ड के महारथी हैं, यानी रैंकिंग में नंबर वन हैं लेकिन ये दोनों टीम इंडिया के लिए फाइनल से पहले सिरदर्द बन गए हैं। इन दोनों खिलाड़ियों को फाइनल से पहले बाहर करने की बात चल रही है लेकिन पूर्व क्रिकेटर और कमेंटेटर आकाश चोपड़ा का मानना है कि इन दोनों खिलाड़ियों को बाहर नहीं किया जा सकता है।
आकाश चोपड़ा ने बताई वजह
आकाश चोपड़ा ने अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले जाने वाले आईसीसी टी20 विश्व कप फाइनल के लिए भारत की प्लेइंग इलेवन में अभिषक शर्मा और वरुण चक्रवर्ती का समर्थन किया है। आकाश ने खिताबी मुकाबले के लिए अपनी प्लेइंग इलेवन का ऐलान किया है। अपनी एक्स प्रोफाइल पर जारी किए गए एक वीडियो में उन्होंने कहा कि टीम फाइनल में पहुंच चुकी है और मुझे नहीं लगता कि टीम खिताबी मुकाबले में कोई बदलाव होना चाहिए। खराब प्रदर्शन के बाद भी अभिषेक और वरुण प्लेइंग इलेवन का हिस्सा हो सकते हैं।
चोपड़ा ने कहा, “वरुण और अभिषेक का कोई खास प्रदर्शन न होने के बावजूद, आप फाइनल में पहुंच गए हैं, इसलिए मुझे लगता है कि आप फाइनल में टीम में कोई बदलाव नहीं करना चाहेंगे।” अभिषेक अभी भी नंबर 1 टी20 बल्लेबाज है। वहीं, मैं स्पिन गेंदबाजी में वरुण के साथ जाऊंगा। कुलदीप को लाने का लालच हो सकता है, लेकिन मैं वरुण को चुनूंगा क्योंकि मेरा मानना है कि एक दिन ऐसा आएगा जब सब कुछ बदल जाएगा, इसलिए मैं बिना किसी बदलाव वाली प्लेइंग इलेवन का समर्थन करूंगा।”
अभिषेक का नहीं चला है बल्ला
अभिषेक मौजूदा टूर्नामेंट में रनों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने सात पारियों में 12.71 के कम औसत से सिर्फ 89 रन बनाए हैं। जिम्बाब्वे के खिलाफ 55 रन की पारी खेलने वाले अभिषेक यूएसए, पाकिस्तान और नीदरलैंड्स के खिलाफ लगातार तीन पारियों में शून्य पर आउट हुए थे। वह रन बनाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। वरुण चक्रवर्ती ने ग्रुप स्टेज में शानदार प्रदर्शन के साथ टूर्नामेंट की शुरुआत की थी, लेकिन सुपर 8 और सेमीफाइनल में उनका प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा था। वरुण ने सेमीफाइनल में 4 ओवर में 64 रन लुटाए थे।


