तिखोला में संघ का पथ संचलन निकला:राम मंदिर निर्माण-अनुच्छेद 370 पर चर्चा, संघ के योगदान पर रखे विचार

तिखोला में संघ का पथ संचलन निकला:राम मंदिर निर्माण-अनुच्छेद 370 पर चर्चा, संघ के योगदान पर रखे विचार

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने बुधवार को जिले के सोण्डवा खंड के तिखोला मंडल में पथ संचलन निकाला गया। इसमें स्वयंसेवकों ने भाग लिया। कार्यक्रम में संगठन, अनुशासन और सामाजिक एकता से जुड़े विषयों पर जोर दिया गया। मिडिल स्कूल तिखोला में स्वयंसेवकों इकट्ठा हुए, इसके बाद पथ संचलन शुरू होकर प्राथमिक विद्यालय कुकलट पहुंचा। यहां से स्वयंसेवक हथनी नदी के पुल के पास से होते हुए वापस मिडिल स्कूल तिखोला पहुंचे। कार्यक्रम में संघ की स्थापना, विचारधारा और सामाजिक कार्यों के बारे में जानकारी दी गई। संघ की स्थापना और विस्तार पर रखे विचार कार्यक्रम में सोण्डवा खंड के खंड कार्यवाह ढेडूसिंह डावर ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना और उसके विस्तार के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि वर्ष 1925 में डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार ने नागपुर में संघ की स्थापना की थी। उनके अनुसार, उस समय हिंदू समाज को संगठित करने की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। डॉ. हेडगेवार ने बच्चों के साथ खेल के माध्यम से शाखा शुरू की और समाज को एकजुट करने का प्रयास किया। डावर ने कहा कि शुरुआती दौर में इस विचार पर कई लोगों ने सवाल उठाए, लेकिन इसके बावजूद कार्य जारी रहा। उन्होंने बताया कि समय के साथ संघ का कार्य देश के विभिन्न क्षेत्रों में फैला। राम मंदिर निर्माण-अनुच्छेद 370 पर विचार रखे डावर ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, भारतीय मजदूर संघ, विश्व हिंदू परिषद और विद्या भारती का उल्लेख करते हुए कहा कि इनके माध्यम से विद्यार्थी, श्रमिक, साधु-संत और शिक्षा क्षेत्र से जुड़ी गतिविधियां संचालित की जाती हैं। उन्होंने राम मंदिर निर्माण और जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने का उल्लेख करते हुए संघ के वैचारिक योगदान पर भी अपने विचार रखे।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *