समाजवादी पार्टी (सपा) ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों के लिए मंगलवार को होने वाली मतगणना में आउटसोर्स कर्मचारियों की तैनाती का विरोध करते हुए निर्वाचन आयोग से केवल सरकारी कर्मचारियों को ड्यूटी पर लगाने की मांग की है। पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल के हस्ताक्षर वाला ज्ञापन मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा को सौंपा। इसमें मतगणना में पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कई उपाय करने का आग्रह किया गया है।
ज्ञापन में वाराणसी खंड शिक्षक-स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में आउटसोर्स कर्मचारियों को मतगणना कार्य में तैनात किए जाने का दावा करते हुए इसे आपत्तिजनक बताया गया है। पार्टी ने मांग की है कि इस कार्य में केंद्र और राज्य सरकार के अनुभवी कर्मचारियों को तैनात किया जाए। सपा की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक, वाराणसी खंड शिक्षक-स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में पार्टी के प्रत्याशियों लाल बिहारी यादव और आशुतोष सिन्हा ने आयोग से लिखित रूप में मांग की है कि मतगणना कार्य में सरकारी कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाए।
यादव और सिन्हा ने कहा कि मतगणना में आउटसोर्स कर्मचारियों को तैनात किए जाने पर वे इसका विरोध करेंगे। बयान के मुताबिक, लखनऊ खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से सपा प्रत्याशी कांति सिंह का पत्र भी ज्ञापन के साथ संलग्न किया गया है। लाल बिहारी यादव और आशुतोष सिन्हा के पत्र भी इसके साथ सौंपे गए हैं।
सपा ने मांग की कि मतगणना के प्रत्येक चक्र का परिणाम तत्काल लाउडस्पीकर से घोषित किया जाए और निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर भी दर्ज किया जाए। पार्टी ने यह भी कहा कि अगले चक्र की मतगणना पिछले चक्र की सभी मेजों पर गिनती पूरी होने और परिणाम घोषित किए जाने के बाद ही शुरू की जाए। ज्ञापन में मतगणना स्थलों पर अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाने, निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने और रात में पर्याप्त सुरक्षा बल तैनात करने की भी मांग की गई है।
पार्टी ने मतदान में इस्तेमाल होने वाले बैंगनी रंग के स्केच पेन पर प्रतिबंध लगाने और अनधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश पर रोक लगाने का आग्रह भी किया। सपा ने मतगणना एजेंटों को कैलकुलेटर, पैड, पेन और टॉर्च जैसी आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराने में भेदभाव नहीं करने तथा निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने की मांग की। ज्ञापन सौंपने वाले प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश सचिव के.के. श्रीवास्तव, राज्य कार्यसमिति के सदस्य डॉ. हरिश्चन्द्र सिंह और राधेश्याम सिंह शामिल थे।
उत्तर प्रदेश विधान परिषद के खंड शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल 11 सीटों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान हुआ था। मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी।

