जयपुर। जिले की पंचायतों के चुनाव की जारी प्रक्रिया के तहत चौमूं क्षेत्र की मोरीजा ग्राम पंचायत में शनिवार को शांतिपूर्ण मतदान के बाद मतपेटियां सील करने के दौरान हंगामा हो गया। एजेंट को बाहर निकालकर मतपेटी सील करने के आरोप लगाते हुए ग्रामीण भड़क उठे और पुलिस पर पथराव कर दिया। हालात बिगड़ने पर पुलिस को लाठीचार्ज कर भीड़ को खदेड़ना पड़ा। कुछ देर तक मतदान केंद्र के बाहर अफरा-तफरी और तनाव का माहौल रहा। बाद में अधिकारियों की समझाइश से मामला शांत हुआ और रात 9 बजे के बाद पुलिस सुरक्षा के बीच मतगणना शुरू की गई।
हंगामा राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय स्थित बूथ पर हुआ। ग्रामीणों का आरोप था कि एजेंट को बाहर निकालकर मतपेटी सील कर दी गई और सील होने के बाद एजेंट के हस्ताक्षर भी नहीं करवाए गए। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया। मौके पर मौजूद सामोद पुलिस और ग्रामीणों के बीच झड़प हुई, जिसके बाद पुलिस पर पथराव किया गया।
घटना से जुड़ी तस्वीरें :



अफसर पहुंचे, पथराव के बीच डटी रहीं एएसपी
सूचना मिलते ही सामोद थानाप्रभारी हेमराज सिंह मौके पर पहुंचे और स्थिति संभालने में जुट गए। इसके बाद डीएसपी शिवा शर्मा और तहसीलदार डॉ. विजयपाल विश्नोई भी मौके पर पहुंचे। एएसपी जया सिंह पथराव के बीच मौके पर डटी रहीं और लोगों को समझाने का प्रयास करती रहीं। पुलिस ने पहले काफी देर तक बातचीत कर स्थिति संभालने की कोशिश की, लेकिन मामला और भड़क गया। इसके बाद पुलिस ने बल प्रयोग कर भीड़ को खदेड़ा। मौके से करीब 12 से अधिक लोगों को डिटेन किया गया।
तहसीलदार बोले- अफवाह फैलने से बिगड़े हालात
तहसीलदार डॉ. विजयपाल विश्नोई ने बताया कि शांतिपूर्ण मतदान के बाद मतपेटियां पैक करने के दौरान एक एजेंट ने अफवाह फैला दी कि मतपेटियां बदली जा रही हैं, जबकि ऐसा कुछ नहीं था। थोड़ी ही देर में बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए और पुलिस पर पथराव करने लगे। पुलिस ने बल प्रयोग कर लोगों को खदेड़ा। अशांति फैलाने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया जाएगा।
पुलिस की कड़ी सुरक्षा में शुरू हुई मतगणना
हालात सामान्य होने के बाद रात 9 बजे के बाद कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच मतगणना शुरू की गई। गांव में एहतियातन पुलिस जाब्ता तैनात किया गया है। हंगामा की आशंका के चलते प्रशासन के अधिकारी स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।

