सिलीगुड़ी में पत्नी के नाम खरीदी 92 डिसमिल जमीन:1. 79Cr की अचल संपत्ति, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के 4 ठिकानों पर निगरानी की रेड

सिलीगुड़ी में पत्नी के नाम खरीदी 92 डिसमिल जमीन:1. 79Cr की अचल संपत्ति, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के 4 ठिकानों पर निगरानी की रेड

पटना में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने गुरुवार को ग्रामीण विकास विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर चंद्रशेखर सिंह के 4 ठिकानों पर रेड की। छापेमारी के दौरान पटना स्थित आवास से 3.20 लाख कैश मिले। निगरानी की टीम पटना, छपरा, कटिहार और पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी स्थित ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की। चंद्रशेखर सिंह के खिलाफ 1 करोड़ 10 लाख 96 हजार 883 रुपए की संपत्ति का मामला दर्ज किया गया है। यह राशि उनकी कुल ज्ञात आय से करीब 88% अधिक है। तलाशी के दौरान अधिकारी, उनकी पत्नी श्वेता कुमारी और परिजनों के नाम पर 14 अचल संपत्तियों तथा 5 चल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। जानकारी के अनुसार, चंद्रशेखर सिंह और उनके परिजनों के नाम पर कुल 14 अचल संपत्तियां मिली हैं। इनका मूल्य 1 करोड़ 79 लाख 41 हजार 883 रुपए आंका गया है। वहीं, 5 चल संपत्तियों का कुल मूल्य 16 लाख 55 हजार रुपए बताया गया है। चंद्रशेखर सिंह की पोस्टिंग छपरा में है। यहां भी निगरानी की टीम छपरा शहर के राजेन्द्र सरोवर स्थित कार्यालय में जांच की है। छापेमरी की कुछ तस्वीरें… पटना में 3 BHK फ्लैट, कटिहार में भी संपत्ति तलाशी के दौरान निवेश और संपत्तियों से जुड़े कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं। इनमें बैंक, शेयर और एलआईसी में निवेश से संबंधित कागजात शामिल हैं। इसके अलावा पटना में 3 BHK फ्लैट और कटिहार स्थित पैतृक आवास में 2 BHK फ्लैट से संबंधित जानकारी भी सामने आई है। पटना में रूपसपुर थाना क्षेत्र के लोहिया पथ स्थित सरयुग वामिका अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 103 में निगरानी की टीम दोपहर 12:30 बजे पहुंची थी। छापेमारी के दौरान चंद्रशेखर सिंह घर पर मौजूद थे। सिलिगुड़ी में पत्नी के नाम 92 डिसमिल जमीन जांच में सिलीगुड़ी के महंगे व्यावसायिक इलाके में जमीन खरीदने का मामला भी सामने आया है। वर्ष 2021 में 10 डीड के जरिए कुल 92 डिसमिल जमीन खरीदी गई। यह जमीन चंद्रशेखर सिंह की पत्नी श्वेता कुमारी के नाम पर है। आरोप है कि इस संपत्ति को अधिकारी ने अपने वार्षिक संपत्ति विवरण में शामिल नहीं किया था। जमीन की खरीद के दौरान चंद्रशेखर सिंह फारबिसगंज में ग्रामीण कार्य विभाग में सहायक अभियंता के पद पर तैनात थे। तलाशी के दौरान संपत्ति से संबंधित अन्य दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है। मामले में संपत्ति से संबंधित दस्तावेजों, निवेश और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड की जांच जारी है। तलाशी के दौरान मिले अतिरिक्त दस्तावेजों की भी पड़ताल की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद संपत्तियों और आय के बीच अंतर को लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी। कटिहार में दो गाड़ियों से पहुंची टीम कटिहार के सहायक थाना क्षेत्र के लोहिया नगर में दो गाड़ियों से निगरानी की टीम पहुंची थी और ग्रामीण कार्य विभाग के कार्यपालक अभियंता चंद्रशेखर सिंह के आलीशान बिल्डिंग में छापेमारी की। निगरानी DSP के नेतृत्व में टीम उनके पैतृक आवास पर जांच की गई। जांच कर रहे अधिकारी कैमरे पर कुछ भी बोलने से बच रहे थें। पटना में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने गुरुवार को ग्रामीण विकास विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर चंद्रशेखर सिंह के 4 ठिकानों पर रेड की। छापेमारी के दौरान पटना स्थित आवास से 3.20 लाख कैश मिले। निगरानी की टीम पटना, छपरा, कटिहार और पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी स्थित ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की। चंद्रशेखर सिंह के खिलाफ 1 करोड़ 10 लाख 96 हजार 883 रुपए की संपत्ति का मामला दर्ज किया गया है। यह राशि उनकी कुल ज्ञात आय से करीब 88% अधिक है। तलाशी के दौरान अधिकारी, उनकी पत्नी श्वेता कुमारी और परिजनों के नाम पर 14 अचल संपत्तियों तथा 5 चल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। जानकारी के अनुसार, चंद्रशेखर सिंह और उनके परिजनों के नाम पर कुल 14 अचल संपत्तियां मिली हैं। इनका मूल्य 1 करोड़ 79 लाख 41 हजार 883 रुपए आंका गया है। वहीं, 5 चल संपत्तियों का कुल मूल्य 16 लाख 55 हजार रुपए बताया गया है। चंद्रशेखर सिंह की पोस्टिंग छपरा में है। यहां भी निगरानी की टीम छपरा शहर के राजेन्द्र सरोवर स्थित कार्यालय में जांच की है। छापेमरी की कुछ तस्वीरें… पटना में 3 BHK फ्लैट, कटिहार में भी संपत्ति तलाशी के दौरान निवेश और संपत्तियों से जुड़े कई दस्तावेज बरामद किए गए हैं। इनमें बैंक, शेयर और एलआईसी में निवेश से संबंधित कागजात शामिल हैं। इसके अलावा पटना में 3 BHK फ्लैट और कटिहार स्थित पैतृक आवास में 2 BHK फ्लैट से संबंधित जानकारी भी सामने आई है। पटना में रूपसपुर थाना क्षेत्र के लोहिया पथ स्थित सरयुग वामिका अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 103 में निगरानी की टीम दोपहर 12:30 बजे पहुंची थी। छापेमारी के दौरान चंद्रशेखर सिंह घर पर मौजूद थे। सिलिगुड़ी में पत्नी के नाम 92 डिसमिल जमीन जांच में सिलीगुड़ी के महंगे व्यावसायिक इलाके में जमीन खरीदने का मामला भी सामने आया है। वर्ष 2021 में 10 डीड के जरिए कुल 92 डिसमिल जमीन खरीदी गई। यह जमीन चंद्रशेखर सिंह की पत्नी श्वेता कुमारी के नाम पर है। आरोप है कि इस संपत्ति को अधिकारी ने अपने वार्षिक संपत्ति विवरण में शामिल नहीं किया था। जमीन की खरीद के दौरान चंद्रशेखर सिंह फारबिसगंज में ग्रामीण कार्य विभाग में सहायक अभियंता के पद पर तैनात थे। तलाशी के दौरान संपत्ति से संबंधित अन्य दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है। मामले में संपत्ति से संबंधित दस्तावेजों, निवेश और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड की जांच जारी है। तलाशी के दौरान मिले अतिरिक्त दस्तावेजों की भी पड़ताल की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद संपत्तियों और आय के बीच अंतर को लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी। कटिहार में दो गाड़ियों से पहुंची टीम कटिहार के सहायक थाना क्षेत्र के लोहिया नगर में दो गाड़ियों से निगरानी की टीम पहुंची थी और ग्रामीण कार्य विभाग के कार्यपालक अभियंता चंद्रशेखर सिंह के आलीशान बिल्डिंग में छापेमारी की। निगरानी DSP के नेतृत्व में टीम उनके पैतृक आवास पर जांच की गई। जांच कर रहे अधिकारी कैमरे पर कुछ भी बोलने से बच रहे थें।  

​

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *