मध्य प्रदेश लोक आयोग की 2025 और 26 की राज्य सेवा मुख्य परीक्षाओं के रिजल्ट उलझ गए हैं। ओबीसी आरक्षण पर हाईकोर्ट के ताजा फैसले के बाद शासन की तरफ से की जाने वाली आगे की कार्रवाई तक पीएससी कोई भी रिजल्ट घोषित नहीं कर पाएगा। ऐसे में दोनों मुख्य परीक्षा के रिजल्ट पर सबसे ज्यादा असर पड़ने जा रहा है, क्योंकि 2025 का मूल्यांकन अंतिम दौर में है। यह परीक्षा 7 से 12 अगस्त के बीच हो चुकी है। दो माह से ज्यादा का वक्त बीत चुका है। चूंकि पीएससी सितंबर 2022 के बाद से सभी रिजल्ट 87-13 के फॉर्मूले से घोषित कर रहा था, लेकिन कोर्ट ने ओबीसी आरक्षण 14 से 27 फीसदी किए जाने के निर्णय को खारिज कर दिया है। ऐसे में पीएससी अब किसी भी स्थिति में इस फॉर्मूले से रिजल्ट नहीं दे पाएगा। या तो उसे सौ फीसदी रिजल्ट जारी करना होगा या फिर शासन के सुप्रीम कोर्ट जाने और बाद की परिस्थिति में नया फॉर्मूला तैयार करने तक इंतजार करना होगा। पीएससी का कहना है कि शासन की तरफ से जो भी निर्देश जारी किए जाएंगे, उनके अनुसार आगे की प्रक्रिया करेंगे। इधर, 2026 की राज्य सेवा मुख्य परीक्षा 7 से 12 सितंबर के बीच हो चुकी है। इसका रिजल्ट भी इसी माह के अंत या 15 नवंबर तक आने की संभावना थी, लेकिन अब यह कब घोषित होगा, यह बड़ा सवाल है। पीएससी के ओएसडी डॉ. रवींद्र पंचभाई के अनुसार शासन के निर्देश के अनुसार आगे की प्रक्रिया पूरी होगी। फिलहाल राज्य सेवा दोनों परीक्षाओं का मूल्यांकन जारी है। पहले ही सवा साल देरी से हुई परीक्षा, अब नया संकट? राज्य सेवा मुख्य परीक्षा- 2025 पहले ही सवा साल देरी से हुई थी। तय समय के अनुसार इसे 9 से 12 जून 2025 तक होना था, लेकिन यह करीब सवा साल देरी से 7 से 12 अगस्त 2026 में हो पाई। कोर्ट द्वारा प्री परीक्षा के रिजल्ट पर सुनवाई व मुख्य परीक्षा पर रोक के चलते यह स्थिति बनी थी। कोर्ट ने इसी साल जून में मुख्य परीक्षा की अनुमति दे दी। मुख्य परीक्षा के मूल्यांकन में दो माह का समय लगता है। वह भी बीत चुका है। अब कभी भी रिजल्ट आने की संभावना थी। पीएससी अभी तक राज्य सेवा ही नहीं सभी परीक्षाओं के रिजल्ट व इंटरव्यू के बाद सिलेक्शन लिस्ट इसी फॉर्मूले के तहत जारी कर रहा था। सितंबर 2022 से अब तक 90 से ज्यादा परीक्षाओं के पद होल्ड पर सितंबर 2022 से अब तक हुई 90 से ज्यादा परीक्षाओं के 1300 से ज्यादा पद होल्ड पर हैं। इनमें करीब 15 परीक्षाएं 2019 से अगस्त 2022 तक की हैं, लेकिन इनके रिजल्ट या चयन सूची सितंबर 2022 के बाद आईं। बाकी परीक्षाएं व चयन सूची उसके बाद की हैं। यह 13 फीसदी हिस्से के वे पद हैं, जिन्हें 87-13 फॉर्मूले के तहत होल्ड पर रखा गया था। इसमें सबसे ज्यादा पद ही राज्य सेवा परीक्षाओं के हैं, क्योंकि 2019 व उसके बाद की भी ज्यादातर राज्य सेवा परीक्षाओं के रिजल्ट देरी से आए। यह सभी सितंबर 2022 के बाद ही घोषित हुए। इस कारण 13 फीसदी पद होल्ड पर चले गए।

