जमशेदपुर के मानगो स्थित मुर्दा मैदान में जमा कचरे को रविवार को नगर निगम कार्यालय के सामने डंप कर दिया गया। यह कार्रवाई विधायक सरयू राय की ओर से दिए गए अल्टीमेटम की समयसीमा खत्म होने के बाद हुई। मुर्दा मैदान में लंबे समय से जमा कचरे को लेकर उठे विवाद ने अब नगर निगम की सफाई व्यवस्था और कचरा निस्तारण की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मैदान में भारी मात्रा में कचरा देखकर विधायक ने नाराजगी जताई थी और निगम को इसे साफ कराने का निर्देश दिया था। तय समय में सफाई नहीं होने पर स्थानीय स्तर पर विरोध की चेतावनी दी गई थी। रविवार को कचरा निगम कार्यालय के सामने पहुंचने के बाद मामला और गरमा गया। इस घटनाक्रम से साफ है कि मुर्दा मैदान की सफाई को लेकर नगर निगम और स्थानीय लोगों के बीच असंतोष बढ़ रहा था। 1 अक्टूबर को मैदान पहुंचे थे सरयू राय, कचरा देखकर जताई थी नाराजगी विधायक सरयू राय ने 1 अक्टूबर को मानगो के मुर्दा मैदान का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने मैदान में भारी मात्रा में कचरा जमा देखा और सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई। उन्होंने नगर निगम को एक सप्ताह के भीतर मैदान की सफाई कराने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद निर्धारित समय में सफाई नहीं होने पर उन्होंने 7 अक्टूबर को अपर नगर आयुक्त को चेतावनी दी। सरयू राय ने कहा था कि यदि तय समय में कचरा नहीं हटाया गया, तो स्थानीय लोग इसे नगर निगम कार्यालय के सामने डालेंगे। इस चेतावनी के बाद भी सफाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए रविवार को कचरा निगम कार्यालय के सामने डंप कर दिया गया। इस घटनाक्रम ने नगर निगम की कार्यप्रणाली को लेकर चल रही नाराजगी को सामने ला दिया है। कचरा निस्तारण पर उठे सवाल, निगम की सफाई व्यवस्था पर निगाहें मुर्दा मैदान से कचरा हटाने के बजाय उसे नगर निगम कार्यालय के सामने डंप किए जाने की घटना अब चर्चा का विषय बन गई है। एक ओर मैदान में जमा कचरे की समस्या है, तो दूसरी ओर उसके निस्तारण को लेकर निगम की जवाबदेही पर सवाल उठ रहे हैं। विधायक की चेतावनी के बाद भी निर्धारित समय में सफाई नहीं होने से स्थानीय लोगों के असंतोष को बल मिला। अब यह देखना होगा कि नगर निगम मुर्दा मैदान की सफाई और कचरे के उचित निस्तारण को लेकर क्या कदम उठाता है। फिलहाल, इस घटना ने मानगो क्षेत्र की सफाई व्यवस्था को लेकर निगम के सामने चुनौती खड़ी कर दी है। जमशेदपुर के मानगो स्थित मुर्दा मैदान में जमा कचरे को रविवार को नगर निगम कार्यालय के सामने डंप कर दिया गया। यह कार्रवाई विधायक सरयू राय की ओर से दिए गए अल्टीमेटम की समयसीमा खत्म होने के बाद हुई। मुर्दा मैदान में लंबे समय से जमा कचरे को लेकर उठे विवाद ने अब नगर निगम की सफाई व्यवस्था और कचरा निस्तारण की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मैदान में भारी मात्रा में कचरा देखकर विधायक ने नाराजगी जताई थी और निगम को इसे साफ कराने का निर्देश दिया था। तय समय में सफाई नहीं होने पर स्थानीय स्तर पर विरोध की चेतावनी दी गई थी। रविवार को कचरा निगम कार्यालय के सामने पहुंचने के बाद मामला और गरमा गया। इस घटनाक्रम से साफ है कि मुर्दा मैदान की सफाई को लेकर नगर निगम और स्थानीय लोगों के बीच असंतोष बढ़ रहा था। 1 अक्टूबर को मैदान पहुंचे थे सरयू राय, कचरा देखकर जताई थी नाराजगी विधायक सरयू राय ने 1 अक्टूबर को मानगो के मुर्दा मैदान का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने मैदान में भारी मात्रा में कचरा जमा देखा और सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई। उन्होंने नगर निगम को एक सप्ताह के भीतर मैदान की सफाई कराने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद निर्धारित समय में सफाई नहीं होने पर उन्होंने 7 अक्टूबर को अपर नगर आयुक्त को चेतावनी दी। सरयू राय ने कहा था कि यदि तय समय में कचरा नहीं हटाया गया, तो स्थानीय लोग इसे नगर निगम कार्यालय के सामने डालेंगे। इस चेतावनी के बाद भी सफाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए रविवार को कचरा निगम कार्यालय के सामने डंप कर दिया गया। इस घटनाक्रम ने नगर निगम की कार्यप्रणाली को लेकर चल रही नाराजगी को सामने ला दिया है। कचरा निस्तारण पर उठे सवाल, निगम की सफाई व्यवस्था पर निगाहें मुर्दा मैदान से कचरा हटाने के बजाय उसे नगर निगम कार्यालय के सामने डंप किए जाने की घटना अब चर्चा का विषय बन गई है। एक ओर मैदान में जमा कचरे की समस्या है, तो दूसरी ओर उसके निस्तारण को लेकर निगम की जवाबदेही पर सवाल उठ रहे हैं। विधायक की चेतावनी के बाद भी निर्धारित समय में सफाई नहीं होने से स्थानीय लोगों के असंतोष को बल मिला। अब यह देखना होगा कि नगर निगम मुर्दा मैदान की सफाई और कचरे के उचित निस्तारण को लेकर क्या कदम उठाता है। फिलहाल, इस घटना ने मानगो क्षेत्र की सफाई व्यवस्था को लेकर निगम के सामने चुनौती खड़ी कर दी है।

