गुमला|संत अन्ना टेन प्लस टू उवि दाउदनगर पुग्गू गुमला के विद्यार्थियों के लिए एक दिवसीय शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया। इस भ्रमण में विद्यालय के 254 विद्यार्थी व शिक्षक शामिल हुए। वाइल्ड वादी पार्क पहुंचने पर विद्यार्थियों में काफी उत्साह और खुशी देखने को मिली। पार्क में विद्यार्थियों ने चिड़ियाघर, थ्री डी शो, जिपलाइन, इलेक्ट्रिक गेम सहित विभिन्न गतिविधियों का आनंद लिया। विद्यार्थियों ने पानी में भी जमकर मस्ती की। पार्क में उपलब्ध सुविधाओं और मनोरंजक गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को विज्ञान, प्रकृति व पर्यावरण से संबंधित विषयों को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिला। थ्रीडी शो और अन्य गतिविधियों ने उनके अनुभव आत्मक ज्ञान को बढ़ाया। वहीं समूह में समय बिताने से आपसी सहयोग और मित्रता की भावना भी मजबूत हुई। प्रधानाध्यापिका सिस्टर ललिता टोप्पो ने कहा कि भ्रमण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को कक्षा की पढ़ाई के साथ-साथ प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करना, उनके ज्ञान का विस्तार करना व मनोरंजन के माध्यम से सीखने की प्रक्रिया को रोचक बनाना था। ऐसे भ्रमण से विद्यार्थियों में प्रकृति, जीव जंतुओं और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ती है। साथ ही उन में सहयोग, अनुशासन, सामाजिक व्यवहार और समूह में कार्य करने की भावना का विकास होता है। गुमला|संत अन्ना टेन प्लस टू उवि दाउदनगर पुग्गू गुमला के विद्यार्थियों के लिए एक दिवसीय शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया। इस भ्रमण में विद्यालय के 254 विद्यार्थी व शिक्षक शामिल हुए। वाइल्ड वादी पार्क पहुंचने पर विद्यार्थियों में काफी उत्साह और खुशी देखने को मिली। पार्क में विद्यार्थियों ने चिड़ियाघर, थ्री डी शो, जिपलाइन, इलेक्ट्रिक गेम सहित विभिन्न गतिविधियों का आनंद लिया। विद्यार्थियों ने पानी में भी जमकर मस्ती की। पार्क में उपलब्ध सुविधाओं और मनोरंजक गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को विज्ञान, प्रकृति व पर्यावरण से संबंधित विषयों को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिला। थ्रीडी शो और अन्य गतिविधियों ने उनके अनुभव आत्मक ज्ञान को बढ़ाया। वहीं समूह में समय बिताने से आपसी सहयोग और मित्रता की भावना भी मजबूत हुई। प्रधानाध्यापिका सिस्टर ललिता टोप्पो ने कहा कि भ्रमण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को कक्षा की पढ़ाई के साथ-साथ प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करना, उनके ज्ञान का विस्तार करना व मनोरंजन के माध्यम से सीखने की प्रक्रिया को रोचक बनाना था। ऐसे भ्रमण से विद्यार्थियों में प्रकृति, जीव जंतुओं और पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ती है। साथ ही उन में सहयोग, अनुशासन, सामाजिक व्यवहार और समूह में कार्य करने की भावना का विकास होता है।

