चंदौली में 5 अक्टूबर को ‘विश्व डाल्फिन संरक्षण दिवस’ मनाया गया। इस अवसर पर जिला गंगा समिति चंदौली और काशी वन्यजीव प्रभाग, रामनगर (वाराणसी) के संयुक्त तत्वावधान में कंपोजिट स्कूल नाथूपुर, चांदीतारा और बखरा में विशेष जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिला परियोजना अधिकारी दर्शन निषाद के नेतृत्व में डाल्फिन संरक्षण के लिए जिले में युद्ध स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों व बच्चों को डाल्फिन के आवास, भोजन और अवैध शिकार की रोकथाम के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। जिला परियोजना अधिकारी ने बताया कि हमारा राष्ट्रीय जलीय जीव डाल्फिन, पानी में पाया जाने वाला सबसे प्राचीन और बुद्धिमान प्राणी है। जलीय पारिस्थितिकी तंत्र को संतुलित रखने के लिए इसका संरक्षण नितांत आवश्यक है। इसके अलावा, कार्यक्रम में गंगा किनारे स्थित ‘डाल्फिन पॉइन्ट’ का भी विशेष रूप से उल्लेख किया गया, जहां पर्यटक डाल्फिन सफारी का रोमांचक आनंद ले सकते हैं।

