सवाई माधोपुर में मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल की नई बिल्डिंग में चल रहे निर्माण कार्य और व्यवस्थाओं में खामियां सामने आई हैं। बुधवार को मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीपी मीणा के नेतृत्व में विभिन्न विभागों के अध्यक्षों ने हॉस्पिटल भवन का निरीक्षण किया।
इस दौरान विभागाध्यक्षों ने भवन के अलग-अलग हिस्सों का बारीकी से जायजा लेकर निर्माण कार्य और विभागीय व्यवस्थाओं से जुड़ी कमियों को चिन्हित किया। निरीक्षण के दौरान सामने आया कि नए अस्पताल के ग्राउंड फ्लोर और फर्स्ट फ्लोर का निर्माण कार्य अभी काफी अधूरा है। इसके अलावा विभिन्न विभागों के लिए निर्धारित स्थान को लेकर भी तकनीकी स्तर पर कई कमियां मिलीं। कुछ विभागों को उपलब्ध कराया गया स्थान उनकी आवश्यकता के मुकाबले कम पाया गया। अधिकारियों के अनुसार, यदि समय रहते इन कमियों को दूर नहीं किया गया तो भविष्य में मरीजों और चिकित्सा सेवाओं के संचालन में परेशानी हो सकती है। कई महत्वपूर्ण विभागों की व्यवस्थाओं में मिली खामियां
निरीक्षण के दौरान आई विभाग, साइकियाट्री, ट्रॉमा इमरजेंसी, सीपीआर रूम, इमरजेंसी और फार्मेसी सहित अन्य महत्वपूर्ण चिकित्सा सुविधाओं के लिए निर्धारित स्थान और व्यवस्थाओं में भी खामियां मिली है। विभागाध्यक्षों ने मौके पर मिली कमियों और आवश्यक बदलावों के बारे में प्रोजेक्ट मैनेजर को बताया है और शीघ्र ही इन्हें दुरुस्त करने के निर्देश दिए। मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. बीपी मीणा ने बताया कि अस्पताल भवन को मरीजों और चिकित्सकों की जरूरत के अनुरूप विकसित करने के लिए नियमित निरीक्षण किया जाएगा। निर्माण कार्य के दौरान ही आवश्यक बदलाव किए जाएं, इसके लिए अब हर माह की 30 तारीख को सभी चिकित्सकों के साथ अस्पताल भवन का निरीक्षण करने की योजना बनाई गई है। उन्होंने बताया कि नियमित निरीक्षण से निर्माण के दौरान सामने आने वाली कमियों को समय रहते चिन्हित कर दूर कराया जा सकेगा। साथ ही अस्पताल की व्यवस्थाओं को मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के अनुरूप विकसित किया जा सकेगा। इनकी रही मौजूदगी
निरीक्षण के दौरान डॉ. सुनीता (ENT), डॉ. धर्म सिंह (मेडिसिन), डॉ. विक्रमादित्य (मेडिसिन), डॉ. ओपी खींची (ऑर्थोपेडिक), डॉ. पवन (सर्जरी), डॉ. ललित (आई), डॉ. अंशुल (साइकियाट्री) और डॉ. सरोज (पैथोलॉजी) सहित अन्य चिकित्सक मौजूद रहे।

