ECI row: BJP सांसद सौमित्र खान ने चुनाव आयोग से जुड़े विवाद पर विपक्षी दलों के एकजुट होने की कोशिशों को लेकर ममता बनर्जी पर निशाना साधा है। उन्होंने CPIM और कांग्रेस के साथ ममता बनर्जी के संपर्क साधने पर सवाल उठाए और 2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान हुई राजनीतिक हिंसा का भी जिक्र किया।
Saumitra Khan on Mamata Banerjee: चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) को लेकर चल रहे विवाद के बीच विपक्षी पार्टियों की प्रस्तावित बैठक को लेकर भाजपा ने ममता बनर्जी पर निशाना साधा है। बीजेपी सांसद सौमित्र खान ने ममता बनर्जी के CPM और कांग्रेस के साथ आने के प्रयासों को नौटंकी बताते हुए कहा कि ‘इंडी अलायंस’ असल में कुछ नहीं बल्कि नेताओं का एक सीजनल पिकनिक क्लब है। उन्होंने 2021 के पश्चिम बंगाल चुनाव के दौरान हुई हिंसा का 2026 के चुनाव से तुलना करते हुए चुनाव आयोग का बचाव किया।
2021 में 223 कार्यकर्ता मारे गए, 2026 में एक भी मौत नहीं
चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए सौमित्र खान ने कहा, “2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान राजनीतिक हिंसा में हमारे 223 कार्यकर्ताओं की बेरहमी से मार दिए गए थे। सिर्फ वोटिंग के दिन ही 28 BJP कार्यकर्ताओं की जान चली गई थी। इसके उलट 2026 में कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। किसी भी राजनीतिक दल के किसी भी नेता या कार्यकर्ता की जान नहीं गई। तो फिर दीदी (ममता बनर्जी) आखिर क्या चाहती हैं? क्या वे बंगाल में वही पुराना खूनी माहौल फिर से देखना चाहती हैं?”
कोमा से बाहर आकर खूनी CPM से मिला लिया हाथ : सौमित्र खान
ममता बनर्जी द्वारा सीपीएम नेताओं से संपर्क साधने पर तंज कसते हुए सौमित्र खान ने कहा, “आप तो कोमा में चली गई थीं। अब कोमा से जागकर आप खुद सीपीएम से मुलाकात कर रही हैं? आप तो दावा करती थीं कि आपने सीपीएम के खूनी शासन के खिलाफ जीवन भर लड़ाई लड़ी, लेकिन आज आप उन्हीं लोगों से हाथ मिला रही हैं जिनके हाथ खून से सने हैं। आपको जो करना है करिए, हमें कोई चिंता नहीं है। आप लोग मिलकर अपनी पिकनिक मनाइए, क्योंकि इंडी गुट का काम ही समय-समय पर पिकनिक मनाना रह गया है।”
चेयर चाहिए तो भिजवा देंगे PM लिखी कुर्सी : सौमित्र खान
विपक्षी गठबंधन की पिछली बैठकों पर तंज कसते हुए सौमित्र खान ने कहा, “आपने बिहार में पिकनिक भी मनाई, फिर भी लौटने पर राहुल गांधी और CPM की आलोचना करने लगे। आप मुख्यमंत्री की कुर्सी पाना चाहते थे, लेकिन जनता ने उसे छीनकर विपक्ष को सौंप दिया। अब क्या आप प्रधानमंत्री की कुर्सी चाहते हैं?”
सौमित्र खान ने आगे कहा कहा, “अगर दीदी को कुर्सी की इतनी ही तीव्र इच्छा है, तो हम उनके घर एक ऐसी कुर्सी भेजेंगे जिस पर बड़े अक्षरों में ‘PM’ लिखा हो। दीदी उस कुर्सी पर आराम से बैठ सकती हैं, लेकिन देश की जनता उनकी चाल में कभी नहीं फंसेगी।”

