समस्तीपुर जिले में नाबालिग बच्चियों से बदसलूकी और अभद्र व्यवहार के वीडियो वायरल होने पर पुलिस कार्रवाई की समीक्षा करने ADG डॉ. कमल किशोर शुक्रवार को समस्तीपुर पहुंचे। उन्होंने एसपी कार्यालय में डीएम रोशन कुशवाहा, एसपी अरविंद प्रताप सिंह समेत अन्य पुलिस पदाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। ADG डॉ. कमल किशोर ने कहा कि समस्तीपुर जिले में एक-दो घटनाएं सामने आई हैं। इन मामलों को लेकर राज्य सरकार संवेदनशील है। उन्होंने कहा कि घटनाओं के बाद पुलिस और प्रशासन की ओर से जो कार्रवाई की जानी थी, वह की गई है। अब इसे आगे कैसे बढ़ाया जाए, इस पर भी समीक्षा की गई है। ADG ने कहा कि मामलों में स्पीडी ट्रायल कराकर दोषियों को सजा दिलाई जाएगी। दोबारा घटना न हो, कार्ययोजना तैयार उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन ने इस मामले में काफी अच्छा काम किया है। बैठक में डीएम और एसपी से पूरे मामले को लेकर बातचीत की गई और अब तक की कार्रवाई की समीक्षा की गई। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की गई है। पुलिस और प्रशासन को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के साथ ही मामलों में त्वरित न्याय करने पर भी जोर दिया जा रहा है। समस्तीपुर जिले में नाबालिग बच्चियों से बदसलूकी और अभद्र व्यवहार के वीडियो वायरल होने पर पुलिस कार्रवाई की समीक्षा करने ADG डॉ. कमल किशोर शुक्रवार को समस्तीपुर पहुंचे। उन्होंने एसपी कार्यालय में डीएम रोशन कुशवाहा, एसपी अरविंद प्रताप सिंह समेत अन्य पुलिस पदाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। ADG डॉ. कमल किशोर ने कहा कि समस्तीपुर जिले में एक-दो घटनाएं सामने आई हैं। इन मामलों को लेकर राज्य सरकार संवेदनशील है। उन्होंने कहा कि घटनाओं के बाद पुलिस और प्रशासन की ओर से जो कार्रवाई की जानी थी, वह की गई है। अब इसे आगे कैसे बढ़ाया जाए, इस पर भी समीक्षा की गई है। ADG ने कहा कि मामलों में स्पीडी ट्रायल कराकर दोषियों को सजा दिलाई जाएगी। दोबारा घटना न हो, कार्ययोजना तैयार उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन ने इस मामले में काफी अच्छा काम किया है। बैठक में डीएम और एसपी से पूरे मामले को लेकर बातचीत की गई और अब तक की कार्रवाई की समीक्षा की गई। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की गई है। पुलिस और प्रशासन को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के साथ ही मामलों में त्वरित न्याय करने पर भी जोर दिया जा रहा है।

