किशनगंज में पुलिस ने स्कूलों के बाहर छात्राओं से छेड़छाड़ की बढ़ती शिकायतों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने बताया कि स्कूलों और कोचिंग संस्थानों के पास छात्राओं को परेशान करने वाले युवकों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। पिछले कई दिनों से छात्राओं और उनके माता-पिता से शिकायतें मिल रही थीं। इनमें बताया गया था कि कुछ युवक स्कूलों के पास बेवजह घूमते हैं और छात्राओं को परेशान करते हैं या उन पर फब्तियां कसते हैं। इन शिकायतों के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया है। स्कूलों के आसपास बढ़ेगी निगरानी एसपी संतोष कुमार ने साफ किया कि ऐसे मामलों को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस की टीमें स्कूलों के आसपास निगरानी बढ़ाएंगी और संदिग्ध लोगों पर नजर रखेंगी। उन्होंने यह भी बताया कि अगर कोई युवक नाबालिग पाया जाता है, तो उसके माता-पिता को बुलाया जाएगा। उनसे लिखित में यह भरोसा लिया जाएगा कि उनका बच्चा दोबारा ऐसी हरकत नहीं करेगा। वहीं, बालिग युवकों पर कानून के हिसाब से एक्शन लिया जाएगा। नियमों का पालन करने के लिए समझाएं पुलिस ने माता-पिता से भी अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान दें। उन्हें कानून और समाज के नियमों का पालन करने के लिए समझाएं। छात्राओं और उनके परिवार वालों से कहा गया है कि अगर छेड़छाड़, पीछा करने या परेशान करने जैसी कोई घटना होती है, तो तुरंत पुलिस को बताएं। एसपी ने बताया कि छात्राओं की सुरक्षा पुलिस की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। शैक्षणिक संस्थानों के पास सुरक्षित माहौल बनाने के लिए लगातार अभियान चलाए जाएंगे। पुलिस की इस कोशिश से छात्राओं और उनके माता-पिता में सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ने की उम्मीद है। किशनगंज में पुलिस ने स्कूलों के बाहर छात्राओं से छेड़छाड़ की बढ़ती शिकायतों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने बताया कि स्कूलों और कोचिंग संस्थानों के पास छात्राओं को परेशान करने वाले युवकों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा। पिछले कई दिनों से छात्राओं और उनके माता-पिता से शिकायतें मिल रही थीं। इनमें बताया गया था कि कुछ युवक स्कूलों के पास बेवजह घूमते हैं और छात्राओं को परेशान करते हैं या उन पर फब्तियां कसते हैं। इन शिकायतों के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया है। स्कूलों के आसपास बढ़ेगी निगरानी एसपी संतोष कुमार ने साफ किया कि ऐसे मामलों को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस की टीमें स्कूलों के आसपास निगरानी बढ़ाएंगी और संदिग्ध लोगों पर नजर रखेंगी। उन्होंने यह भी बताया कि अगर कोई युवक नाबालिग पाया जाता है, तो उसके माता-पिता को बुलाया जाएगा। उनसे लिखित में यह भरोसा लिया जाएगा कि उनका बच्चा दोबारा ऐसी हरकत नहीं करेगा। वहीं, बालिग युवकों पर कानून के हिसाब से एक्शन लिया जाएगा। नियमों का पालन करने के लिए समझाएं पुलिस ने माता-पिता से भी अपील की है कि वे अपने बच्चों की गतिविधियों पर ध्यान दें। उन्हें कानून और समाज के नियमों का पालन करने के लिए समझाएं। छात्राओं और उनके परिवार वालों से कहा गया है कि अगर छेड़छाड़, पीछा करने या परेशान करने जैसी कोई घटना होती है, तो तुरंत पुलिस को बताएं। एसपी ने बताया कि छात्राओं की सुरक्षा पुलिस की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। शैक्षणिक संस्थानों के पास सुरक्षित माहौल बनाने के लिए लगातार अभियान चलाए जाएंगे। पुलिस की इस कोशिश से छात्राओं और उनके माता-पिता में सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ने की उम्मीद है।

