आंखों को बार बार रगड़ने से कॉर्निया को हो सकता है नुकसान, Cleveland Clinic से जानें Corneal Hydrops के कारण

आंखों को बार बार रगड़ने से कॉर्निया को हो सकता है नुकसान, Cleveland Clinic से जानें Corneal Hydrops के कारण

Corneal Hydrops Symptoms: आंखों से अचानक धुंधला दिखाई देना, तेज रोशनी से परेशानी होना और दर्द होने जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ये लक्षण कॉर्नियल हाइड्रॉप्स (Corneal Hydrops) की वजह से भी हो सकते हैं। यह आंख के कॉर्निया में अचानक सूजन आने की स्थिति है, जो खासतौर पर केराटोकोनस (Keratoconus) जैसी कॉर्निया की बीमारियों से जुड़ी हो सकती है। आइए जानते हैं ऐसा क्यों होता है और क्या करना चाहिए।

क्या है Corneal Hydrops

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, कॉर्नियल हाइड्रॉप्स में कॉर्निया की एक परत डेसिमेट्स मेम्ब्रेन (Descemet’s membrane) में दरार या टूटने की वजह से आंख के अंदर मौजूद तरल पदार्थ कॉर्निया की अंदरूनी परत स्ट्रोमा में पहुंच जाता है। इससे कॉर्निया में सूजन और धुंधलापन आने लगता है। इस स्थिति को एक्यूट कॉर्नियल हाइड्रॉप्स (Acute Corneal Hydrops) भी कहा जाता है।

क्यों होता है कॉर्नियल हाइड्रॉप्स

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, कॉर्निया के पतले होने या उसके आकार में बदलाव वाली बीमारियां इसका प्रमुख कारण हो सकती हैं। केराटोकोनस के अलावा कुछ अन्य कॉर्नियल एक्टेसिया (Corneal Ectasia) की स्थितियों में भी कॉर्नियल हाइड्रॉप्स हो सकता है। आंखों को बार बार रगड़ना भी एक जोखिम कारक माना जाता है।

कॉर्नियल हाइड्रॉप्स के लक्षण

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, कॉर्नियल हाइड्रॉप्स के लक्षण अचानक दिखाई दे सकते हैं। इनमें शामिल हैं

  • अचानक नजर कमजोर या धुंधली होना
  • आंख में सफेद या धुंधला धब्बा दिखाई देना
  • आंखों में दर्द
  • तेज रोशनी सहन न होना
  • आंख लाल होना
  • आंखों से पानी आना
  • कॉन्टैक्ट लेंस लगाने में परेशानी

कुछ लोगों में इसके लक्षण स्पष्ट नहीं भी हो सकते हैं।

क्या कॉर्नियल हाइड्रॉप्स से आंखों की रोशनी प्रभावित हो सकती है

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, कॉर्नियल हाइड्रॉप्स से नजर काफी प्रभावित हो सकती है। ठीक होने के बाद कॉर्निया पर निशान भी रह सकता है। नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन (NCBI) में प्रकाशित शोध के अनुसार, कुछ मामलों में कॉर्निया पर बने निशान की वजह से आगे के उपचार या सर्जरी की जरूरत पड़ सकती है।

कब डॉक्टर से संपर्क करें

क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, अगर अचानक नजर कम हो जाए, आंख में तेज दर्द हो, रोशनी देखने में बहुत परेशानी हो या आंख से असामान्य डिस्चार्ज आए, तो तुरंत आंखों के डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। कॉर्नियल हाइड्रॉप्स की स्थिति में खुद से इलाज करने के बजाय आंखों के डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *